यह ब्लॉग खोजें

सोमवार, 9 जुलाई 2018

16 से 18 सितंबर तक नई दिल्ली में होगा ‘भारत पर्यटन मार्ट’ का आयोजन



  विदेशी पर्यटकों की संख्या में वृद्धि होगी : के. जे. अल्फोंस
नई दिल्ली। केंद्रीय पर्यटन राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) के. जे. अल्फोंस ने आज घोषणा करते हुए कहा कि राज्य/ केंद्र शासित प्रदेशों तथा भारतीय पर्यटन व अतिथि सत्कार परिसंघ (एफएआईटीएच) के सहयोग से पर्यटन मंत्रालय 16 से 18 सितंबर, 2018 तक नई दिल्ली के विज्ञान भवन में  ‘भारत पर्यटन मार्ट (आईटीएम) का आयोजन करेगा। विश्व के अन्य देशों में आयोजित होने वाले पर्यटन मार्ट को ध्यान में रखते हुए भारत पर्यटन मार्ट का आयोजन किया जा रहा है। इस आयोजन से पर्यटन व अतिथि सत्कार से जुड़े सभी हितधारकों को विचार-विमर्श करने का मौका मिलेगा और उन्हें व्यापार से जुड़े अवसरों की जानकारी मिलेगी।
नई दिल्ली में आज मीडिया को संबोधित करते हुए पर्यटक मंत्री ने कहा कि पर्यटन और अतिथि सत्कार के क्षेत्र में भारत में असीम संभावनाएं हैं। श्री अल्फोंस ने कहा कि आईटीएम 2018 के माध्यम से भारत पूरे विश्व खासकर चीन, लैटिन अमेरिका, जापान आदि को अपने छिपे हुए गंतव्यों की जानकारी दे सकता है। इस आयोजन के माध्यम से अगले तीन वर्षों में पर्यटकों की संख्या दोगुनी होने की संभावना है। मंत्री महोदय ने पर्यटन क्षेत्र से जुड़े सभी हितधारकों को धन्यवाद देते हुए कहा कि वे इस वैश्विक आयोजन को सफल बनाने के लिए सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं। पर्यटन मंत्री ने सभी राज्यों से पर्यटन स्थलों से संबंधित वीडियों तैयार करने का आग्रह किया है ताकि बेहतर प्रचार के लिए इसका उपयोग किया जा सके।
इस अवसर पर पर्यटन सचिव श्रीमती रश्मि वर्मा ने कहा कि आईटीएम राज्यों के लिए सबसे अच्छा प्लेटफार्म है जहां वे अपने उत्पादों को प्रदर्शित कर सकते हैं। केरल व राजस्थान जैसे कुछ राज्य अपने मार्ट का आयोजन कर रहे हैं। कुछ राज्यों ने अंतर्राष्ट्रीय मार्टों में भी हिस्सा लिया है। कुछ राज्य ऐसे हैं जिन्होंने न मार्ट का आयोजन किया है और न ही किसी अंतर्राष्ट्रीय मार्ट में हिस्सा लिया है। ऐसे सभी राज्यों के लिए यह एक सुनहरा अवसर है जब वे अपने उत्पादों को आईटीएम 2018 में प्रदर्शित कर सकते हैं।  
आयोजन समिति के चेयरमैन और एफएआईटीएच के सचिव श्री सुभाष गोयल ने कहा कि पर्यटन से जुड़े सभी हितधारक इतने बड़े पैमाने पर पहली बार एक साथ आ रहे है। पर्यटन और अतिथि सत्कार क्षेत्र में एफएआईटीएच देश का सबसे प्रमुख संगठन है। आईटीएम के लिए एक वेबसाइट http://www.indiatourismmart.com/ भी तैयार की जाएगी। 
आईटीएम 2018 के लिए उत्तरी अमेरीका, पश्चिमी यूरोप, पूर्वी एशिया, सीआईएस देश, लैटिन अमेरीका के देशों से क्रेता प्रतिनिधियों को आमंत्रित किया जाएगा। मार्ट में 300 से अधिक विदेशी क्रेता प्रतिनिधियों के शामिल होने की संभावना है। वे भारतीय विक्रेताओं से बातचीत करेंगे। विदेशी प्रतिनिधियों को हवाई अड्डों, होटलों, गंतव्य स्थलों आदि में उपलब्ध सुविधाओं के बारे में जानकारी दी जाएगी। आईटीएम 2018 में लगभग 175 – 200 स्टॉल लगाए जायेंगे।
आयोजन का औपचारिक उद्घाटन 17 सितंबर, 2018 को होगा। क्रेता और विक्रेता प्रतिनिधियों के बीच बी2बी बैठकों का आयोजन 17 और 18 सितंबर, 2018 को किया जाएगा।  
*

रॉक गार्डन मेंं समागम सोसाइटी ने किया वृक्षारोपण



रांची।  बढ़ते प्रदूषण से निजात दिलाने को लेकर समागम सोसायटी की ओर से कांके रोड स्थित रॉक गार्डन में सोमवार को पौधारोपण किया गया। इस मौके पर मौजूद सभी लोगों को फलदार पेड़ भी दिए गए। अध्यक्ष जनक नायक ने सभी लोगों से कम से कम अपनी जिंदगी में एक पेड़ लगाने की अपील की। उन्होंने कहा कि शहर को हरियाली से हरा भरा रखना है तो पेड़ पौधे लगाना जरूरी है । तभी हम साफ सुथरा खुली हवा में सांस ले सकते हैं । वृक्षारोपण से शहर की सुन्दरता बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि लोगों को पेड़ लगाने के लिए प्रेरित भी करें और बचाने का भी संकल्प लें। इस मौके पर जनक नायक, नवीनए मुन्ना गाड़ी,  प्रदीप निर्धा, मोहम्मद नौशाद लकी नामए भानु और राम नायक मौजूद थे,


ट्रस्ट ने मंत्री चौधरी को समस्याओं से कराया अवगत


रांची । पानी की समस्या को लेकर नूर मोहम्मद वेलफेयर सोसाईटी के महासचिव शादाब खान ने जल संरक्षण पेयजल स्वच्छता विभाग के मंत्री चन्द्रप्रकाश चौधरी से मुलाकात की। शादाब ने पूरी समस्याओं से मंत्री को अवगत कराया । उन्होंने बताया कि राजधानी में पीने के पानी का गंभीर मामला है। शहर मंे कई जगहों पर पाईप लिकेज हैं जिससे कई गैलन पानी बर्बाद हो जाते हैं। रोजाना नल नहीं खुलता है। रजरप्पा मंदिर मंे श्रद्धालुओं को किसी तरह की कोई परेशानी न हो । मंत्री चंद्रप्रकाश ने ट्रस्ट के महासचिव को भरोसा दिलाया कि आने वाले दिनो मंे जल्द इन समस्याओं से निजात मिलेगा। मंत्री ने कहा कि पानी के मस्ले को लेकर सरकार गंभीर है। उन्हांेने कहा कि हम विकास को लेकर काफी सजग हैं। कांटा टोली बस स्टैंड निर्माण और कई योजनाओं मंे सरकार की योजनाएं चल रही हैं। जिसे जल्द पूरा कर लिया जाएगा।

अमित शाह के साथ सोशल मीडिया वॉलिंटियर्स मीट की तैयारी

रांची। भाजपा राँची महानगर सोशल मीडिया एंड आईटी की बैठक भाजपा महानगर कार्यालय रातू रोड में हुई। जिसमे राँची महानगर में आने वाले विभिन्न मंडलो के आईटी एंड सोशल संयोजकों ने भाग लिया। बैठक में
आगामी 11 जुलाई को आ रहे भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के सोशल मीडिया वॉलिंटियर्स मीट के बारे में चर्चा की गयी।

बैठक में मुख्यरूप से उपस्थित भाजपा राँची महानगर के अध्यक्ष मनोज मिश्रा ने कहा कि, भाजपा राँची महानगर सोशल मीडिया एंड आईटी के द्वारा राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह जी का भव्य स्वागत किया जाएगा। उन्होंने कहा, राँची की धरती पर आधुनिक युग के चाणक्य का आगमन हो रहा है। अमित शाह के आने की सूचना से पूरे राज्य के सोशल मीडिया एंड आईटी के युवा उत्साहित है। झारखंड के सूदूर क्षेत्रो से युवा सोशल मीडिया  वॉलिंटियर्स मीट के लिए फॉर्म भर  रहे है।

बैठक में राँची महानगर के सोशल मीडिया संयोजक तुषार विजयवर्गीय और आईटी सेल के संयोजक रोहित शारदा के द्वारा विभिन्न मंडलो कार्यकताओं को जिम्मेदारी दी गयी। जिसमे फॉर्म रजिस्ट्रेशन काउंटर  ऋषभ गक्खड़, रौनक अग्रवाल, संतोष सिंह, अनूप कुमार, साहित्य पवन, अखिलेश पण्डेय, शुभम माहेश्वरी, पंकज श्रीवास्तव, शत्रुघ्न जी, अनूप जी, राजेश विजयवर्गीय, फिरोज़ खान भोजन व्यवस्था संजीत झा, मनोहर झा, जितेंद्र बर्णवाल सभागार व्यवस्था संतोष अग्रवाल, सोनू मिश्रा को जिम्मेदारी दी गयी।

बैठक में भाजपा राँची महानगर के महामंत्री राजू सिंह, अरविंद सिंह, तुषार विजयवर्गीय, रोहित शारदा, किशोर मालवीय, सुजीत झा,  संतोष अग्रवाल, सोनू मिश्रा संजीत झा, मनोहर झा, जितेंद्र वर्णवाल, अनूप कुमार, साहित्य पवन, ऋषभ गक्खड़, रौनक अग्रवाल समेत अन्य थे।

बाबूलाल का नहीं भाजपा का काउंटडाउनः योगेंद्र प्रताप


झारखंड में हार्स ट्रेडिंग के जरिए दल बदल का विवाद
   
रांची। झाविमो के छह विधायकों को करोड़ों रुपयों की सौगात देकर भाजपा में शामिल करने का आरोप तूल पकड़ता जा रहा है। झाविमो सुप्रीमो बाबूलाल मरांडी ने अपने आरोप को प्रमाणित करने हेतु भाजपा का एक पत्र सार्वजनिक किया है। भाजपा नेता जहां उस पत्र को फर्जी बता रहे हैं वहीं झाविमो सुप्रीमो इसकी हस्ताक्षर विशेषज्ञ से जांच कराने की चुनौती दे रहे हैं।
भाजपा नेताओं का कहना है कि बाबूलाल मरांडी का काउंटडाउन शुरू हो चुका है। इसके जवाब में झाविमो के केन्द्रीय प्रवक्ता योगेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि बाबूलाल जी का राजनीतिक व कानूनी काउंटडाउन शुरू करने की ताकत लोकतंत्र की हत्या करने वाली भाजपा में नहीं है। हां, राजनीति को व्यापार समझने वाली भाजपा सत्ता व अन्य सक्षम एजेंसियों का दुरूपयोग कर अपने काउंटडाउन को चार वर्षो तक जो रोक रखा था, वह अब प्रारंभ जरूर हो चुका है। 2019 में इनका फानल काउंटडाउन जनता कर देगी। भाजपा वालों में बौखलाहट इस कदर है कि उन्हें सपने में भी केवल बाबूलाल जी ही दिख रहे हैं। चूंकि चोर अधिक शोर मचाता है इसलिए भाजपा वाले मामले की इंटरपोल से नहीं बल्कि देश की सबसे बड़ी एजेंसी सीबीआई से ही जांच करा लें। पत्र फर्जी है या सही इसका फैसला न तो हम झाविमो नेता करेंगे और न ही भाजपा नेता। यह काम कोई जांच एजेंसी ही कर सकती है। वहीं श्री सिंह ने कहा कि रवीन्द्र राय जी नौटंकी बंद करें। रवीन्द्र राय व उनकी पूरी टीम को अनलीगल काम को लीगल तरीके से अंजाम देना था। उन्हें पता था कि देर-सबेर लोकतंत्र को कलंकित करने वाला यह पत्र बाहर आयेगा ही इसलिए पूरी संभावना है कि उन्होंने बड़ी चतुराई से किसान मोर्चा वाला अपना पुराना लेटर हेड का उपयोग किया ताकि समय पर वे दांव-पेंच कर सकें। रवीन्द्र जी आज वही कर रहे हैं। यह कोई मामूली पत्र नहीं है। इस पत्र में राज्य में पिछले तीन साल से अधिक समय से चल रहे दल-बदल के आरोपी विधायकों की लगाई गई कीमत व उसमें शामिल पूरे गिरोह का नाम दर्ज है। रवीन्द्र राय कहते हैं कि यह पत्र पिछले कई माह से विचरण कर रहा है तो रवीन्द्र राय जी ने इस पत्र को सार्वजनिक क्यों नहीं किया ? उन्होंने यह क्यों नहीं बतलाया कि उनके लेटर हेड पर लिखा एक फर्जी पत्र उनकी व उनकी पार्टी की छवि को धूमिल कर रहा है ? अगर वास्तव में पत्र पहले से घूम रहा है तो स्पष्ट है कि भाजपा इस पत्र को दबाने में लगी हुई थी। पहले भाजपा द्वारा इस पत्र को छुपाना और अब सीबीआई जांच से कतराना सारी सच्चाई बयां कर रहा है।
                                              


मुआवजा भुगतान में भारी घोटाला



लॉ के छात्र संजय मेहता के पत्र पर केंद्र ने लिया संज्ञान
48 घंटे के अंदर मंत्रालय ने एनएच-02 के खिलाफ शुरू की कार्रवाई


हजारीबाग। एनएच 02 भूमि अधिग्रहण में भू रैयतों को कम  मुआवजा एवं अधिकारियों द्वारा किये गए अनियमितता को लेकर बरही निवासी एवं विनोबा भावे विश्वविद्यालय में लॉ के छात्र संजय मेहता ने केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय भारत सरकार को पत्र लिखा है. चार जुलाई को लिखे पत्र पर 06 जुलाई को मंत्रालय ने संज्ञान ले लिया. पत्र को मंत्रालय की संयुक्त सचिव दक्षिता दास ने एनएचएआई के विधिक एवं प्रशासनिक प्रबंधक बन्धुप्रिय सरकार को अग्रसारित कर दिया है. संजय मेहता की शिकायत पर मंत्रालय ने 48 घंटे के भीतर कार्रवाई शुरू कर दी है. यह पत्र प्रधानमंत्री कार्यालय को भी भेजा गया है. पत्र में 20 बिंदु दिए गये हैं. प्रधानमंत्री एवं केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय को लिखे पत्र में संजय मेहता ने कहा है की एनएच 02 का फोर लेन से सिक्स लेन चौड़ीकरण किया जाना है. किमी संख्या 249 से 320 तक 71 किलोमीटर में निर्माण शुरू किया जाना है. इस परियोजना से जनता के बीच परेशानी उत्पन्न हो गयी है.
किमी 249 से 320 झारखंड के हजारीबाग जिले के चौपारण के चोरदाहा , झारखंड - बिहार सीमा से गोरहर तक जाती है. उक्त क्षेत्र में भूमि अधिग्रहण किया गया है लेकिन मुआवजा की प्रक्रिया पारदर्शी नहीं रही है. उन्होंने लिखा है कि जमीन एवं जमीन पर बने घर - मकान की  मुआवजा राशि संतोषजनक नहीं है. सरकारी पदाधिकारियों के भ्रष्ट रवैये के कारण जमीन मालिकों को कम भुगतान किया गया है.  भुगतान में बड़े स्तर पर घोटाला हुआ है. इस परियोजना में हजारीबाग जिले के चौपारण , सिंघरावां , पिपरा , रसोइया धमना , बरही , बरसोत , करियातपुर , बरकट्ठा एवं अन्य क्षेत्रों में एनएच 02 के मुआवजा भुगतान में व्यापक स्तर पर अनियमितता की गयी है. जिसका नुकसान जमीन मालिकों को हुआ है. जिस जमीन का भुगतान जमीन मालिकों को व्यवसायिक दर पर किया जाना चाहिये था उन जमीनों की मुआवजा राशि जमीन के बाजार दर से काफी कम तय की गयी.
---औने - पौने दाम पर अधिग्रहण
श्री मेहता ने लिखा है कि इस संदर्भ में मैंने कई बार शिकायत की लेकिन अनियमितता की जाँच न कर मुझे ही सबूत उपलब्ध कराने को कहा गया. मेरी शिकायत पर जाँच , कार्रवाई होने के बजाय गोल मटोल जवाब देकर टाल दिया गया. पत्र में बताया गया है कि एनएच 02 भूमि अधिग्रहण को लेकर गलत संदेश गया है. क्योंकि मुआवजा से लोग संतुष्ट नहीं है. झारखंड में भूमिअधिग्रहण शुरू से संवेदनशील मुद्दा है यह गम्भीर विषय है. कहा है कि पूर्व में एनएच 02 के फोर लेन चौड़ीकरण के दौरान लाखो लोग विस्थापित हो गये. जीविका पर लोगो की आफत आ गयी. उस वक़्त भी सरकार ने विस्थापितों को न तो बसाया , न ही नौकरी दिया , न ही जमीन उपलब्ध कराया. सिर्फ औने - पौने दाम पर मुआवजा देकर जमीन को अधिग्रहण कर लिया गया.
---जनता का ख्याल नहीं रखा गया
बार - बार विधि की धाराओं का हवाला देकर जनता की जमीन ले ली गयी लेकिन जनता का ख्याल नहीं रखा गया. लाखो परिवार आर्थिक रूप से टूटकर बिखर गये. सरकार आज तक सुध नहीं ली. फिर से एनएच 02 का फोर लेन से सिक्स लेन चौड़ीकरण किया जा रहा है. जमीन ली जा रही है. फिर से कानून की धाराओं का हवाला दिया जा रहा है. हज़ारों घर , मकान आदि तोड़े जा रहे हैं. फोर लेन विस्थापन के दंश से अब तक लोग उबर नहीं पाये हैं. इधर सिक्सलेन निर्माण में फिर से लोगों की जीविका पर आफत आ गयी है. यह सब विषय एक बहुत बड़े जनाक्रोश को जन्म दे रहा है. लोगों का जीवन तबाह हो रहा है. यह समस्या बहुत जल्द एक जनांदोलन को जन्म देगा. सरकार जल्दी विचार करे.
--मुआवजा भुगतान राशि में व्यापक अंतर
उन्होंने पत्र के माध्यम से मांग की है कि पीडित जमीन मालिकों की जीविका एवं आवास के लिये सरकार जमीन का प्रबंध करे. आवासीय कॉलोनी बनाकर लोगो को बसाये , जीविका के लिये जमीन या स्थान उपलब्ध कराए. उन्होंने कहा है कि जमीन , आवास प्रबंध होने के बाद ही निर्माण शुरू हो. फिलहाल लोगों का घर मकान न तोड़ा जाये , उनकी जमीन पर सड़क निर्माण का काम न किया जाये. संजय मेहता का कहना है कि जमीनों पर हज़ारों लोगों का व्यवसाय संचालित है. व्यवसाय उनके रोजगार का साधन है. जमीन - घर को तोड़कर उनके जीविका को भी तहस नहस कर दिया जा रहा है. इसलिए व्यवसायिक दर पर मुआवजा दिया जाये. मुआवजा भुगतान प्रक्रिया में कुछ किलोमीटर के अंतराल में ही मुआवजा भुगतान राशि में व्यापक अंतर है. यह अनियमितता है. इसकी जाँच हो. कार्रवाई हो.
--क्या कहते है संजय मेहता
मामले पर संजय मेहता कहते हैं शासन , सत्ता का यह दायित्व है कि वह जनता के हितों की रक्षा करें. इस मामले में सरकार जनता का विश्वास नहीं जीत पायी है क्योंकि उनकी संपत्तियों , जीविका को तहस - नहस कर उचित मुआवजा नहीं दिया गया है.  यह मामला लाखों परिवारों की भावना , सपना , भविष्य , करियर से जुड़ा है. झारखंड सरकार को इस मामले में हस्तक्षेप कर त्वरित समाधान करना चाहिए नहीं तो जनता आक्रोशित हो जायेगी.

कश्मीर में राष्ट्रवाद और मानवता का अभियान चला रहे हैं अभिमन्यु कोहाड़



अभिमन्यु कोहाड़
खबरगंगा के लिए विशेष अनुरोध पर एक संवेदनशील फौजी के ज़ज्बे की कहानी शीर्षक पोस्ट के लेखक अभिमन्यु कोहाड़ विदेशी मामलों के जानकार और रक्षा विशेषज्ञ हैं। उन्होंने सीरिया युद्ध पर एक जीवंत पुस्तक लिखी है जो काफी लोकप्रिय हुई है। कश्मीर भी हमारा कश्मीरी भी भी हमारे शीर्षक पुस्तिका के लेखन के जरिए उन्होंने कश्मीरियों को राष्ट्रवाद की प्रेरणा दी है। वे लंबे समय से कश्मीर के आतंक पीड़ित परिवारों के बीच काम कर रहे हैं।
 वे बताते हैं कि आज भी हजारों ऐसे कश्मीरी हैं जिनके पिता या अन्य परिवारवालों को आतंकियों ने मार दिया और अब उनके पास इतने पैसे भी नहीं हैं कि वो अपनी पढ़ाई पूरी कर सकें। ऐसे बहुत से छात्रों से मैं मिला हूँ जिनके पिता को आतंकियों ने मार दिया, ऐसे छात्रों को शेष-भारत की सिविल सोसाइटी के साथ व सहयोग की जरूरत है। हमारा एक अभियान है "कश्मीर भी हमारा, कश्मीरी भी हमारे", इसके तहत हम ऐसे छात्रों की मदद करते हैं। अगर आप सब का सहयोग मिले तो बहुत बड़े स्तर पर हम इस अभियान को चला सकते हैं। अगर आपके क्षेत्र में कोई ऐसा कॉलेज या स्कूल हो जो आतंकवाद से पीड़ित इन राष्ट्रवादी बच्चों की पढ़ाई की जिम्मेदारी ले सके तो हम से जरूर सम्पर्क करें। हमारी यह छोटी सी पहल "अपनेपन" का एक बहुत बड़ा संदेश कश्मीर घाटी की सिविल सोसाइटी में देगी। हमारी पहली कोशिश ये है कि आप कोई आर्थिक सहयोग ना दें बल्कि बच्चों की पढ़ाई की जिम्मेदारी लें और उनकी पढ़ाई का खर्च उठाएं। अगर आप पढ़ाई की पूरी जिम्मेदारी नहीं उठा सकते हैं तो इच्छानुसार आर्थिक सहयोग दे सकते हैं।
आपका यह छोटा सा योगदान देशहित में एक बड़ा कदम होगा।
सहयोग करना चाहें तो सम्पर्क करें-
अभिमन्यु कोहाड़
8950456616
कोऑर्डिनेटर - कश्मीर भी हमारा, कश्मीरी भी हमारे कार्यक्रम, राष्ट्रीय स्वाभिमान आंदोलन।

स्वर्ण जयंती वर्ष का झारखंड : समृद्ध धरती, बदहाल झारखंडी

  झारखंड स्थापना दिवस पर विशेष स्वप्न और सच्चाई के बीच विस्थापन, पलायन, लूट और भ्रष्टाचार की लाइलाज बीमारी  काशीनाथ केवट  15 नवम्बर 2000 -वी...