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शनिवार, 23 फ़रवरी 2019

पत्रकार पुत्री के काव्य संग्रह को राजभाषा विभाग ने किया चयनित



रांची। वरिष्ठ पत्रकार और कवि सुनील सौरभ की पुत्री सुरभि कुमारी की काव्य कृति 'हम भी उड़ान भर लेंगे' का चयन मंत्रिमंडल सचिवालय (राजभाषा विभाग) द्वारा संचालित अनुदान योजना-2018-19 के तहत किया गया है।
शनिवार को पटना में विभाग द्वारा आयोजित कार्यक्रम के दरम्यान साहित्य अकादमी के पूर्व अध्यक्ष विश्वनाथ तिवारी ने सुरभि को सम्मानित भी किया। सुरभि की इस काव्य कृति में 40 कविताएँ शामिल हैं।
गौरतलब है कि वरिष्ठ पत्रकार सुनील सौरभ की कृति 'गया:जहां इतिहास बोलता है' को भी राजभाषा विभाग द्वारा सम्मानित किया जा चुका है।
सुरभि की इस सफलता पर कवि मुकेश कुमार सिन्हा आदि ने खुशी जाहिर की है और कहा कि सुरभि ने गया का मान बढ़ाया है।

शुक्रवार, 22 फ़रवरी 2019

लायंस क्लब ऑफ पाटलीपुत्र आस्था का निःशुल्क चिकित्सा शिविर 10 मार्च को





बख्तियारपुर। पटना जिले के बख्तियारपुर स्थित करनौली ग्राम के उमेश प्रसाद सिंह अपने पूर्वज स्व.सुरेश चंद्र सिंह की 25 वीं पुण्य तिथि पर लायंस क्लब ऑफ पाटलीपुत्र आस्था के सौजन्य से आगामी 10 मार्च को निःशुल्क चिकित्सा जांच शिविर एवं निःशुल्क दवा वितरण का आयोजन कर रहे हैं। यह शिविर गांव के देवी स्थान पर सुबह 10 बजे से दिन के 1 बजे तक चलेगा। पटना के जाने-माने विशेषज्ञ चिकित्सकों ने इसमें निःशुल्क सेवा प्रदान करने पर सहमति जताई है। उनमें ह्रदय रोग विशेषज्ञ डा, विकास कुमार सिंह, ह्रदय रोग विशेषज्ञ डा. अभिनव भगत, किडनी रोग विशेषज्ञ डा. हर्षवर्धन, सामान्य एवं ह्रदय रोग विशेषज्ञ डा. तौफीक निसार, एवं डा. रमन राज, दंत रोग विशेषज्ञ डा. सरिता सिंह, नेत्र रोग विशेषज्ञ डा. संतोष कृष्ण, स्त्री रोग विशेषज्ञ डा. झिलमिल, डाइबिटिज विशेषज्ञ डा. सुकृत प्रकाश, हड्डी रोग विशेषज्ञ डा. निशिकांत कुमार और पेट तथा लीवर रोग विशेषज्ञ डा. शांतम मोहन शामिल हैं। शिविर में वजन, ब्लड सुगर, ब्लड प्रेसर, हीमोग्लोबीन, युरिक एसिड, कोलेस्ट्राल, नेत्र जांच और आवश्यकतानुसार अन्य जांच भी निःशुल्क की जाएगी। मरीजों को आवश्यक दवाएं भी निःशुल्क प्रदान की जाएंगी। शिविर के आयोजक उमेश प्रसाद सिंह ने बताया कि शिविर के संबंध में आसपास के गांवो के अलावा विभिन्न इलाकों में व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इसका लाभ उठा सकें। उन्होंने कहा कि अपने पूर्वजों की स्मृति को ताजा करने और उन्हें श्रद्धांजलि देने का इससे बेहतर कोई तरीका नहीं हो सकता। उन्होंने कहा कि शिविर के संबंध में कोई भी जानकारी 9472226189 और 94309065952 पर ली जा सकती है।


गुरुवार, 21 फ़रवरी 2019

झारखंड मंत्रिपरिषद के महत्वपूर्ण निर्णय

                 

●  झारखंड मोटर वाहन करारोपण (संशोधन) विधेयक, 2018 के प्रारूप पर घटनोत्तर स्वीकृति दी गई.

● झारखंड दुकान एवं प्रतिष्ठान नियमावली, 2001 एवं संशोधित नियमावली 2017 में संशोधन की स्वीकृति दी गई.

● वित्तीय वर्ष 2018-19 से सरकारी विद्यालयों में अध्ययनरत कक्षा 1 से 8 के बच्चों को नि:शुल्क पोशाक एवं विद्यालय किट योजना अंतर्गत सहायक शिक्षण सामग्री, स्कूल बैग उपलब्ध कराने की प्रक्रिया के निर्धारण की स्वीकृति दी गई.

● झारखंड प्रेस प्रतिनिधि अधिमान्यता नियमावली, 2014 में संशोधन के लिए झारखंड प्रेस प्रतिनिधि अधिमान्यता (संशोधित) नियमावली 2019 की स्वीकृति दी गई.

●  स्वर्गीय मुकेश कुमार वर्मा भारतीय प्रशासनिक सेवा तत्कालीन विशेष सचिव कृषि पशुपालन एवं सहकारिता विभाग झारखंड को विशेष परिस्थिति में एयर एंबुलेंस से रांची से दिल्ली ले जाने एवं उस पर हुए ब्यय रुपये 4 लाख मात्र की प्रतिपूर्ति की घटनोत्तर स्वीकृति दी गई.

●  खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम 1957 की धारा 11 (बी) के अंतर्गत अधिसूचित परमाणु खनिज रियायत नियमावली 2016 के नियम (6)11 के प्रावधान के तहत पूर्वी सिंहभूम जिला अंतर्गत मौजा राजदोहा,  हड़तोपा, पाकड़चाकरी, मुर्गागुटू आदि के कुल रकबा एक 1128. 32 एकड़ क्षेत्र पर मेसर्स यूरेनियम कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड के पक्ष में स्वीकृत/धारित यूरेनियम खनिज के खनन पट्टा के अवधि विस्तार की स्वीकृति दी गई.

●  झारखंड राज्य में व्यवसायिक पायलट लाइसेंस प्रशिक्षण केंद्र के लिए पीपीपी मॉडल के आधार पर ईओआई के माध्यम से चयनित कंपनी मे. आर्यन एविएशन प्राइवेट लिमिटेड नई दिल्ली के साथ इकरारनामा हेतु गठित प्रस्ताव पर स्वीकृति दी गई.

● जाति प्रमाण पत्र जारी किए जाने के संबंध में आवश्यकताओं को देखते हुए संशोधन कर सरल किये जाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है। इसके लिए व्यापक दिशा निर्देश जारी किए गए हैं। इनमें से यह एक सबसे महत्वपूर्ण है कि राज्य के सरकारी एवं अन्य नियोजनो के लिए अंचलाधिकारी द्वारा निर्गत जाति प्रमाण पत्र वैध होगा। राज्य से बाहर तथा विशेष रूप से उपायुक्त अनुमंडल अधिकारी द्वारा मांगे गए जाति प्रमाण पत्र के संबंध में अंचलाधिकारी द्वारा निर्गत जाति प्रमाण पत्र के आधार पर उच्च अधिकारी तत्काल जाति प्रमाण पत्र निर्गत करेंगे।

●  राज्य में "मुख्यमंत्री जनजल योजना" अंतर्गत अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति बाहुल्य टोलों की शत प्रतिशत आबादी को पाइप जलापूर्ति से आच्छादित करने हेतु कुल 10726 अदद टोलों में अनुमानित प्राकलित राशि रुपए 510.56 करोड़ पर योजना एवं व्यय की स्वीकृति दी गई.

●  पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, झारखंड सरकार द्वारा ग्राम स्तर पर चयनित जल सहिया के मानदेय तथा प्रोत्साहन राशि को निर्धारित करने की स्वीकृति दी गई.

●  लोकायुक्त कार्यालय, झारखंड, रांची के लिए अतिरिक्त 36 नए राजपत्रित/अराजपत्रित पदों के सृजन की स्वीकृति दी गई.

●  झारखंड राज्य की भुइयां जाति की उपजातियां क्षत्रिय, पाइक, खंडित पाइक, कोटवार, प्रधान, मांझी, देहरी क्षत्रिय, खंडित भुइयां तथा गढ़ाही/गरही को भुइयां जाति के अंतर्गत अनुसूचित जाति की श्रेणी में सम्मिलित किए जाने की स्वीकृति दी गई.

●  विद्युत उत्पादन कंपनियों के चालू एवं बकाए विद्युत विपत्र होता था विलंब भारत के भुगतान हेतु झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड को रेगुलेटरी  डिसएलाउंस सपोर्ट प्रदान करने की स्वीकृति दी गई.

●  माननीय सर्वोच्च/उच्च न्यायालय के आदेश के आलोक में मोहम्मद अबुल कलाम को  सह-प्राध्यापक, विद्युत अभियंत्रण विभाग, बीआईटी सिंदरी के पद पर नियुक्त करने की स्वीकृति दी गई.

●  झारखंड राज्य जलछाजन मिशन अंतर्गत राज्य योजना से जलछाजन विकास कार्यक्रम अंतर्गत कुल 28 परियोजनाओं के क्रियान्वयन हेतु कुल 300 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई.

●  झारखंड राज्य आवास बोर्ड के द्वारा दायर सर्टिफिकेट वाद संख्या-02/HB/2006-07 के अनुसार रांची विश्वविद्यालय द्वारा शेष भुगतेय राशि 19,64,98,466.00/- रुपए Waive  करने की स्वीकृति दी गई.

●  एशियन डेवलपमेंट बैंक संपोषित झारखंड अर्बन इन्फ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट प्रोग्राम के अंतर्गत 4771.80 लाख रुपए की लागत पर तकनीकी स्वीकृति हुसैनाबाद शहरी जलापूर्ति योजना की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई.

●  नए धनबाद म्युनिसिपल बिल्डिंग निर्माण हेतु कुल रुपए 48,74,42,500/- की लागत की योजना पर प्रशासनिक स्वीकृति दी गई.

●  राज्य योजना अंतर्गत बासुकीनाथ नगर पंचायत की रुपैया 57,77,81,900/- रुपए की तकनीकी स्वीकृति प्राप्त बासुकीनाथ शहरी जलापूर्ति योजना एवं रुपए 42,15,09,000/- रुपए यह मात्र की लागत पर मयूराक्षी नदी में दो  बियर निर्माण अर्थात कुल 99,92,90,900/- रुपए मात्र की योजना के प्रशासनिक स्वीकृति दी गई.

गुमला जिलान्तर्गत "रामपुर-कदमडीह-टांगरटोली-इचागुटू-कुरकुरा- तेतरटोली-कुलबुरू-जितुटोली पथ (कुल लंबाई-25.265 कि0मी0) को ग्रामीण विकास विभाग (ग्रामीण कार्य प्रक्षेत्र) से पथ निर्माण विभाग को हस्तांतरित करते हुए पुर्ननिर्माण कार्य (पुल निर्माण एवं भू-अर्जन सहित) कुल राशि रुपए 10227.89 लाख की स्वीकृति दी गई.

● देवघर जिला अंतर्गत सिकिटिया (वभनगामा-पथरौल पथ पर) से शामलपुर-बांचबांध-डुबा-बनवरिया-जियाखारा-मनीगढ़ी (सारथ-देवघर, - 114। पर) पथ (कुल लंबाई-18.950 कि0मी0) को ग्रामीण विकास विभाग (ग्रामीण कार्य प्रक्षेत्र) से पथ निर्माण विभाग को हस्तांतरित करते हुए चैड़ीकरण एवं मजबूतीकरण कार्य (पुल निर्माण एवं भू-अर्जन सहित) कुल राशि 5858.82 लाख की स्वीकृति दी गई.

● गोड्डा जिला अंतर्गत मेहरमा ठाकुर गंगती तेतरिया माल पथ कुल लंबाई 19 किलोमीटर को ग्रामीण विकास विभाग ग्रामीण कार्य पूरा क्षेत्र से पथ निर्माण विभाग को हस्तांतरित करते हुए चौड़ीकरण एवं मजबूती करण पुनर्निर्माण कार्य के लिए 4786.25 लाख की स्वीकृति दी गई.

 ● हजारीबाग एवं कोडरमा जिलान्तर्गत श्झुरझुरी मोड़-पिपचो पथ (कुल लंबाई-27.850 कि0मी0) को ग्रामीण विकास विभाग (ग्रामीण कार्य प्रक्षेत्र) से पथ निर्माण विभाग को हस्तांतरित करते हुए पुर्ननिर्माण कार्य (पुलों के निर्माण एवं भू-अर्जन सहित) के लिए कुल राशि रुपए 6890.95 लाख की स्वीकृति दी गई.

● बोकारो शहर अन्तर्गत बोकारो बारी काॅपरेटिव काॅलोनी -सिजुआ रेलवे लेवल क्रासिंग रोड के कि.मी. 0.00 से कि.मी. 6.300 कि.मी. तक (कुल लंबाई-6.300 कि.मी.) का पुर्ननिर्माण कार्य (भू-अर्जन एवं युटिलिटि शिफ्टिंग सहित) के लिए कुल राशी रुपए 3297.74 लाख की स्वीकृति दी गई.

● साहिबगंज जिला अंतर्गत तीनपहाड़-धमधमिया सेक्शन में  पथ उपरी पुल (आर.ओ.बी.) के निर्माण कार्य हेतु रू. 93,94,54,204/- (तीरानबे करोड़ चैरानबे लाख  चौवन हजार दो सौ चार रूपये) मात्र की प्रशासनिक स्वीकृति एवं Railway Portion में रेलवे द्वारा ROB के निर्माण हेतु आवश्यक राशि की अग्रिम निकासी कर राशि रेलवे को उपलब्ध कराने की स्वीकृति दी गई.

● झारखण्ड राज्य राजमार्ग प्राधिकार के माध्यम से ’’चान्हो-दिघिया-पुरनापानी-लापुंग पथ (कुल लम्बाई-54.150 कि.मी.) को ग्रामीण विकास विभाग (ग्रामीण कार्य प्रक्षेत्र) से पथ निर्माण विभाग को हस्तांतरित करते हुए चैड़ीकरण एवं मजबूतीकरण कार्य (पुल निर्माण, भू-अर्जन एवं युटिलिटी शिफ्टिंग सहित) के लिए 17853.15 लाख रुपए की स्वीकृति दी गई.

● पथ प्रमंडल, बोकारो अन्तर्गत ’’माझीडीह (जैना मोड़)-फुसरो-नावाडीह-डुमरी पथ (कुल लंबाई-46.65) के मजबूतीकरण कार्य’’ के लिए 5285.51 लाख रुपए की स्वीकृति दी गई.

 ● पथ प्रमंडल, गिरिडीह अन्तर्गत श्गोविन्दपुर-टुण्डी-गिरिडीह पथ के कि.मी. 43.770 से कि.मी. 51.670 कि.मी. तक (कुल लंबाई-7.900 कि.मी.) के चैड़ीकरण एवं मजबूतीकरण कार्य (पुल निर्माण एवं युटिलिटी शिफ्टिंग सहित) के लिए 2635.25 लाख रुपए की स्वीकृति दी गई.

● आसनबनी-सलगाजोरी स्टेशन के बीच कि.मी. 242/23-25 में  पथ उपरी पुल (आर.ओ.बी.) के निर्माण कार्य हेतु रू. 43,85,96,344/- (तैंतालीस करोड़ पचासी लाख छियानबे हजार तीन सौ चैवालीस रूपये) की स्वीकृति दी गई.

● जामाडोभा-भागा स्टेशन के बीच कि.मी. 323/14-15 में पथ उपरी पुल (आर.ओ.बी.) के निर्माण कार्य हेतु रू. 26,23,24,828/- (छब्बीस करोड़ तेईस लाख चौबीस हजार आठ सौ अठाईस रूपये) मात्र की  राशि पर प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान करते हुए राज्यांश की राशि रू.14,13,08,414/- की  स्वीकृति दी गई.

● पथ प्रमण्डल, लातेहार अन्तर्गत कुटमु-गारू-महुआडांड़ पथ (कुल लंबाई-80.372 कि.मी.) के पुर्ननिर्माण कार्य (पुल निर्माण सहित) के लिए 12270.07 लाख रुपए की स्वीकृति दी गई.

● पथ प्रमण्डल, धनबाद अन्तर्गत श्गोविन्दपुर-सिन्दरी पथ के कि.मी. 0.00 से कि.मी. 22.157 तक (कुल लंबाई-22.157 कि.मी.) के चैड़ीकरण एवं मजबूतीकरण कार्य (पुल निर्माण, युटिलिटी  शिफ्टिंग भू अर्जन एवं अन्य कार्य सहित)’’ के लिए 11722.853 लाख की स्वीकृति दी गई.

● धनबाद नगर निगम अंतर्गत मटकुरिया से आरा मोड़ (कुल लं0- 3.537 कि.मी.) तक अंडरपास सड़क एवं फ्लाईओवर ब्रीज निर्माण कार्य (भू-अर्जन सहित) के लिए 25654.468 लाख रुपैया की स्वीकृति दी गई.

● हजारीबाग जिला अंतर्गत मुकुंदगंज पथ भाया लालपुर औरैया पथ को ग्रामीण विकास विभाग (ग्रामीण कार्य प्रक्षेत्र) से पथ निर्माण विभाग को हस्तांतरित करते हुए पुनर्निर्माण कार्य भू अर्जन सहित के लिए 5622.09 लाख रुपए की स्वीकृति दी गई.

सीएम रघुवर दास ने किया मीठी क्रांति का शुभारंभ


मीठी क्रांति के तहत 100 करोड़ की स्वीकृति मिली, प्रथमचरण में 10 करोड़ की राशि निर्गत , 1207 किसान प्र लाभान्वित

सीएम ने कहा-
◆ आप शहद का उत्पादन करें, सरकार आपको बाजार देगी

◆ 24 फरवरी को प्रधानमंत्री कृषि सम्मान योजना का शुभारंभ होगा

◆ 20 हजार पूंजी निवेश और 1 लाख 30 हजार का मुनाफा



रांची । राज्य में मीठी क्रांति के लिए 100 करोड़ की योजना को स्वीकृति प्रदान गई है ताकि राज्य में नीली क्रांति के बाद मीठी क्रांति का आगाज हो सके। प्रथम चरण में राज्य सरकार 1207 किसानों को प्रशिक्षण देने के बाद आज उन्हें मधुमक्खी पालन हेतु 1 लाख लागत की इकाई प्रदान कर रही है, जिसमें 80 हजार की अनुदान राशि दे रही है जबकि 20 हजार की राशि का भुगतान लाभुक करेंगे। इस तरह एक किसान 20 हजार की पूंजी निवेश कर सालाना 1 लाख 30 हजार की आमदनी कर सकता है। हम सब मिलकर प्रधानमंत्री की हरित क्रांति, श्वेत क्रांति, नीली क्रांति के बाद मीठी क्रांति के वाहक बन राज्य के किसानों की आय को 2022 तक दोगुना नहीं बल्कि 4 गुना करने की दिशा में कार्य करेंगे। उपरोक्त बातें मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने कही। श्री दास गुरुवार को झारखंड मंत्रालय स्थित सभागार में कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता विभाग द्वारा आयोजित मीठी क्रांति योजना के शुभारंभ कार्यक्रम में बोल रहे थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री ने साहेबगंज से 16 अप्रैल 2016 को मीठी क्रांति का आगाज कर खेती के साथ साथ, बागवानी, पशुपालन और मीठी क्रांति का आह्वाहन किया था।

24 फरवरी को प्रधानमंत्री कृषि सम्मान योजना का होगा शुभारंभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री 24 फरवरी 2019 को उत्तर प्रदेश से और राज्य सरकार रांची के ओरमांझी से प्रधानमंत्री कृषि सम्मान योजना का शुभारंभ करेगी। इसके बाद 27 फरवरी 2019 से राज्य के सभी जिलों में योजना का शुभारंभ होगा। इसके तहत प्रथम चरण में 2 हजार रुपये DBT के माध्यम से किसानों के खाते में जायेगा। वहीं दूसरी ओर राज्य सरकार की मुख्यमंत्री कृषि आशीर्वाद योजना के तहत अप्रैल माह से 5 हजार रुपये राज्य के 22 लाख 76 हजार किसानों को उनके बैंक खाते में जायेगा। ताकि बरसात से पूर्व किसान खेती से संबंधित जरूरी संसाधन जुटा सकें। इस तरह केंद्र और राज्य सरकार की योजना से एक किसान को न्यूनतम 11 और अधिकत्तम 31 हजार रुपये डबल इंजन की सरकार से प्राप्त होगा।
मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने कहा कि राज्य में प्रोसेसिंग यूनिट लगाने के लिए पतंजलि योगपीठ से बात चल रही है. जल्द ही इस पर सकारात्मक निर्णय लिया जाना है. कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता विभाग द्वारा निरंतर समन्वय स्थापित कर प्रोसेसिंग यूनिट का प्रारंभ किया जाएगा. प्रोसेसिंग यूनिट के लगने से किसानों को उत्पादित वस्तुओं का  सही कीमत मिल सकेगा.

बाजार सरकार देगी, खूंटी का कटहल सिंगापुर जा रहा है
मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने कहा कि अब खूंटी का कटहल सिंगापुर जा रहा है। आप किसान भाई शहद का उत्पादन करें, बाजार सरकार उपलब्ध कराएगी। किसान सिर्फ एक फसल का उत्पादन कर अपने आय को नहीं बढ़ा सकते। आपको पशुपालन, बागवानी और जैविक खेती पर भी ध्यान देना होगा। सरकार आपके साथ है। गव्य पालन हेतु 90 % अनुदान पर महिलाओं को दो गाय दिया जा रहा है। राज्य के युवा भी 50 % अनुदान पर दी जा रही गव्य योजना का लाभ लें. आपके उत्पाद को मिल्क फेडरेशन खरीद लेगी।

आधुनिक खेती की जानकारी हेतु इजरायल भेजा
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के किसानों को बदलते समय के अनुसार आधुनिक खेती की जानकारी उपलब्ध कराने के लिए 100 किसानों को इजरायल भेजा गया। आज वे किसान खुश हैं और आधुनिक खेती की दिशा में कार्य कर रहें हैं। अब हर वर्ष सरकार 100 किसानों को इजराइल भेजने का कार्य करेगी। यही वजह रही कि राज्य में एग्रीकल्चर एंड फ़ूड समिट का आयोजन  हुआ। ताकि राज्य के किसान आधुनिक कृषि से अवगत हो सकें। सरकार इस बात से भी उत्साहित है कि 2014 में जो कृषि विकास दर -4.5% थी वह राज्य के मेहनती किसानों ने 4 साल में +14% कर दिया।

राज्य के किसानों को सशक्त एवं समृद्ध करना सरकार की  प्रतिबद्धता
मंत्री कृषि पशुपालन एवं सहकारिता श्री रणधीर सिंह ने कहा कि राज्य गठन के बाद नीली क्रांति के बाद मीठी क्रांति का शुभारंभ ही रहा है। किसानों की आय दुगना करने में मीठी क्रांति, श्वेत और मीठी क्रांति वरदान साबित होगा। 1200 किसानों को यह योजना से जोड़ने की पहल प्रथमचरण में हुआ है। 12 हजार किसान इस योजना से जुडेंगे। मधु प्रसंस्करण इकाई की स्थापना होगी। यह योजना कारगर साबित होगा। किसानों को सशक्त करना राज्य सरकार का उद्देश्य है।

किसानों को होगा फायदा
झारखण्ड राज्य खादी बोर्ड के अध्य्क्ष श्री संजय सेठ ने कहा कि मुख्यमंत्री मीठी क्रांति के लिए हमेशा से प्रयासरत रहे हैं। इसके जरिये हम रोजगार का सृजन कर सकते हैं। प्रधानमंत्री के आह्वाहन के बाद इसको अभियान बनाया गया। जिसका परिणाम है आज मीठी क्रांति का शुभारंभ हो रहा है। किसानों को 1 लाख से ज्यादा की आमदनी 1 मधुमक्खी की इकाई से होने का अनुमान है। आर्गेनिक मधु की दिशा में हम आगे बढ़ रहें हैं। यह योजना किसानों को अतिरिक्त आय की प्रप्ति होगी।

किसानों के आय को दोगुना करने हेतु मीठी क्रांति का शुभारंभ किया जा रहा है
मीठी क्रांति को धरातल में उतारना है। स्वेत क्रांति की तरह मीठी क्रांति हो। 2022 तक विकसित राज्य में खड़ा करने एयर किसानों की आय दुगना करने हेतु शहद के उत्पादन को बढ़ावा दिया जा रहा है। *यह सर्वश्रेष्ठ राज्य है 30 प्रतिशत भूमि वन से आच्छादित है।

500 मिलियन डॉलर का बाजार। यूरोप, चीन, USA और UAE में भारतीय हनी की मांग अधिक है। पूरे विश्व में 500 मिलियन डॉलर का है हनी का बाजार. इस योजना के लिए सरकार द्वारा 100 करोड़ की स्वीकृत मिली है। योजना तहत एक इकाई में 1 लाख का खर्च आ रहा है जिसमें 80 हजार रुपये राज्य सरकार व 20 हजार रूपये लाभुक वहन करेगा। सरकार योजना के तहत 80 % अनुदान प्रदान कर रही है।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सांकेतिक तौर पर जलेश कोंगड़ी, खूंटी के लक्ष्मण महतो, गुमला की सरिता देवी व अमरुद्दीन अंसारी को मधुमक्खी पालन हेतु 1 इकाई सौंपा। इस इकाई में 20 मधुमक्खी की कॉलोनी है।

इस अवसर पर मंत्री कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता श्री रणधीर सिंह, झारखण्ड राज्य खादी बोर्ड अध्यक्ष श्री संजय सेठ, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री सुनील वर्णवाल, सचिव कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता श्रीमती पूजा सिंघल, निदेशक कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता श्री रमेश घोलप व सैकड़ों की संख्या में किसान मौजूद थे।
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सोमवार, 18 फ़रवरी 2019

217 मिरगी रोगियों का निःशुल्क इलाज




रांची। औघड़ भगवान राम के किशोरगंज रांची आश्रम में निःशुल्क मिरगी चिकित्सा शिविर के तहत रविवार को सूर्योदय से पूर्व 217 मरीजों को दवा की खुराक दी गई। श्री सर्वेश्वरी आश्रम, रांची में यह आर्युवेदिक और फकीरी दवा की खुराक औघ़ड़ भगवान राम आश्रम पड़ाव, वाराणसी से आए प्रसिद्ध वैद्य तेज़ बहादुर सिंह ने दी और मरीजों को रोग से निदान के लिए आवश्यक परामर्श दिया। दो दिनों तक चले इस शिविर में झारखंड के विभिन्न इलाकों से मरीज पहुंचे थे। उनके आवास और भोजन की व्यवस्था आश्रम की ओर से की गई थी। वैद्य़ तेज़ बहादुर सिंह इससे पूर्व भी आयोजित शिविर में  272 मिरगी के मरीजों का सफल इलाज कर चुके हैं। आश्रम के संगठन मंत्री राधेश्याम सिंह ने बताया कि शिविर के आयोजन में समूह के युवा सदस्यों और साधकों की अहम भूमिका रही।

शनिवार, 16 फ़रवरी 2019

सीएम रघुवर दास ने दिया शहीद के शव को कंधा


विजय सोरेंग के परिजनों के साथ हैं

मंत्रिमंडल के सभी मंत्री देंगे एक माह का वेतन

परिजनों को हर संभव सहायता को तैयार सरकारः रघुवर दास


रांची। झारखण्ड के गुमला निवासी विजय सोरेंग को श्रद्धासुमन और उनके पार्थिक शरीर को कंधा देने के बाद मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने कहा कि विजय सोरेंग की शहादत व्यर्थ नहीं जाएगी। देश इसका बदला लेगा। आतंकवादियों के कायराना हरकत और पाकिस्तान द्वारा छेड़ा गया छद्म युद्ध ज्यादा दिन नहीं चलेगा। पहले भी पाकिस्तान को एक नहीं, दो नहीं, तीन बार मुंह की खानी पड़ी है। भारत के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने स्पष्ट कर दिया है कि गुनहगारों को छोड़ा नहीं जाएगा। हमारे वीर सैनिकों के पराक्रम पर हमें पूरा विश्वास है। पाकिस्तान एक बार फिर मुंह की खायेगा।

मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि पुलवामा में शहीद हुए वीर सपूतों के परिजनों के साथ पूरा देश खड़ा है। मैं और मेरे मंत्रिमंडल के सभी साथी अपना एक महीने का वेतन शहीदों के परिजनों के चरणों में अर्पित करते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद विजय सोरेंग के परिजनों को 10 लाख रुपये और शहीद के एक परिजनों को सरकारी नौकरी समेत उनके बच्चों को शिक्षा से आच्छादित करने में सहयोग करेगी।

शहीद विजय सोरेंग का पार्थिव शरीर सड़क मार्ग से गुमला के लिए रवाना किया गया।

राज्यपाल श्रीमती द्रौपदी मुर्मू, विधानसभा अध्यक्ष डॉ दिनेश उरांव, केंद्रीय राज्य मंत्री श्री जयन्त सिन्हा, राज्य सरकार के मंत्री श्री सीपी सिंह, सांसद रामटहल चौधरी, हटिया विधायक श्री नवीन जायसवाल, कांके विधायक डॉ जीतू चरण राम, रांची की मेयर श्रीमती आशा लकड़ा, डीजीपी श्री डी के पाण्डेय ने शहीद विजय सोरेंग को श्रद्धांजलि दी।

इस अवसर पर बड़ी संख्या में सेना के अधिकारी व जवान और रांची के नागरिक उपस्थित थे।

गुरुवार, 14 फ़रवरी 2019

शहीद जवान के परिजनों को 10 लाख की अनुग्रह राशि और सरकारी नौकरी देगी सरकार


रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री रघुवर दास ने पुलवामा फियादीन हमले में शहीद हुए गुमला के वीर सपूत विजय सोरेंग को श्रद्धांजलि देते हुए उनके परिजनों को राज्य सरकार की तरफ से 10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि और एक सरकारी नौकरी देने की घोषणा की है। उन्होंने अपने ट्वीटर एकाउंट पर ट्वीट कर कहा है कि पाकिस्तान से मोस्ट फेवर्ड नेशन का दर्जा वापस लेने का फैसला कर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पाकिस्तान की कमर तोड़ने की पहल कर दी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पाकिस्तान और आतंकवादियों को ये याद रखना चाहिए कि अपने जवानों की शहादत का बदला हम ज़रूर लेंगे, हर हाल में लेंगे।

स्वर्ण जयंती वर्ष का झारखंड : समृद्ध धरती, बदहाल झारखंडी

  झारखंड स्थापना दिवस पर विशेष स्वप्न और सच्चाई के बीच विस्थापन, पलायन, लूट और भ्रष्टाचार की लाइलाज बीमारी  काशीनाथ केवट  15 नवम्बर 2000 -वी...