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शुक्रवार, 16 नवंबर 2018

पारा शिक्षकों और पत्रकारों पर लाठी चार्ज की भर्त्सना

लोकतांत्रिक विरोध की आवाजें दबाना चाहती है सरकारः सुबोधकांत

रांची। रांची के मोरहाबादी मैदान में झारखंड स्थापना दिवस समारोह के दौरान पारा शिक्षकों और पत्रकारों पर लाठी चार्ज और हवाई फायरिंग की पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोधकांत सहाय ने तीखी भर्त्सना की है। उन्होंने कहा है कि जश्न की धूम में मगन भाजपा की सरकार लाठी-फायरिंग के दम पर लोकतांत्रिक विरोध के स्वरों को कुचलना चाहती है। इसके पहले रसोइया संयोजिकाओं को भी धरनास्थल से जबरन उठाकर जेल भेजा गया।
आंदोलित पारा शिक्षकों, रसोइया संयोजिकाओं की मांगों पर तार्किक तरीके से वार्ता कर परस्पर सहमति के साथ रास्ता निकाला जा सकता था, लेकिन इसके बदले यह सरकार दमन पर उतरी आयी है। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम का कवरेज कर रहे पत्रकारों को भी नहीं बख्शा गया, जबकि वे अपने कर्तव्य के निर्वहन में जुटे थे। असल में इन्हें यह भी गवारा नहीं कि पत्रकार इनका चेहरा उजागर करने की कोशिश करें।

जोजोबेरा सीमेंट प्लांट में गुणवत्ता माह आयोजित


 रांची / जोजोबेरा।  गुणवत्ता पर जोर देते हुए न्युवोको के जोजोबेरा सीमेंट प्लांट (जेसीपी) ने गुणवत्ता माह का उद्घाटन किया। जिसके अंतर्गत गुणवत्ता कार्यक्रमों के माध्यम से महीने भर उत्सव मनाया जायेगा। गुणवत्ता माह का उद्घाटन मनोज अग्रवाल, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट (जेसीपी) ने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों की उपस्थिति में गुणवत्ता ध्वज फहरा कर किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि
गुणवत्ता माह का जश्न मनाने का उद्देश्य संगठन के प्रत्येक पहलू में, यहां तक कि छोटे क्षेत्रों में भी, गुणवत्ता को लाना और उसे बेहतर बनाना है। किसी भी संगठन के विकास की महत्वपूर्ण पूर्व-आवश्यकताओं में उत्पाद की गुणवत्ता, प्रक्रिया और प्रणाली में सुधार शामिल हैं और इसीलिए भरोसे के साथ न्युवोको के तीन आधार स्तंभों में से एक गुणवत्ता भी है। इस वर्ष के गुणवत्ता माह का विषय हाउसकीपिंगश् है, जो प्लांट को साफ-सुथरा रखने के लिए 5एस की जापानी अवधारणा पर आधारित है। श्री अग्रवाल ने कहा कि गुणवत्ता माह का जश्न मनाने का उद्देश्य, विकास को प्रोत्साहित करने के लिए गुणवत्ता को लेकर जागरूकता बढ़ाना है। ट्रस्ट, इनोवेशन और सेफ्टी के साथ गुणवत्ता हमारे आधार स्तंभ हैं। हमें गुणवत्ता को आपूर्ति-संचालित बनाने की बजाय मांग-संचालित बनाने की आवश्यकता है। महीने भर का जश्न मनाने के लिए जोजोबेरा प्लांट ऑनलाइन क्विज, निबंध लेखन, आंतरिक आईएमएस लेखा परीक्षा, पर्यावरण कानूनों के बारे में प्रशिक्षण, हाउसकीपिंग लेखा परीक्षा और कर्मचारियों, अनुबंधित कर्मचारियों और अन्य हितधारकों के लिए ऐसे ही कई अन्यं कार्यक्रमों सहित विभिन्न पहल की शुरुआत करेगा।

पत्रकारों पर उतारा नाकामी का गुस्सा

स्थापना दिवस पर वरिष्ठ पत्रकार राजेश तिवारी को भी राइफ़ल के कुंदे से मारा, कई अन्य पत्रकार भी ज़ख़्मी
छायाकारों -पत्रकारों पर बर्बर लाठीचार्ज,तस्वीर जबरन डिलीट करने की घटना
रांची प्रेस क्लब ने की घोर निंदा

रांची।  झारखण्ड के पत्रकारों का सबसे  बड़ी संस्था रांची प्रेस क्लब ने गुरुवार को राज्य स्थापना दिवस समारोह के दौरान यहां मोराबादी मैदान में आयोजित पारा शिक्षकों के विरोध प्रदर्शन की तस्वीर लेने वाले छायाकारों -पत्रकारों पर पुलिस द्वारा लाठी चार्ज कर तस्वीर जबरन डिलीट करने की घटना की घोर निंदा की है।
रांची प्रेस क्लब के पदाधिकारियों ने आधिकारिक बयान जारी कर कहा है कि स्थापना दिवस समारोह के दौरान राज्य सरकार से नाराज पारा शिक्षकों द्वारा विरोध प्रदर्शन किया जा रहा था जिसकी तस्वीर रूटीन कार्य कर रहे कैमरामैन एव फोटोग्राफरों को जबरन कब्जे में करना,उन्हें कार्य से रोकना लोकशाही में तानाशाही जैसा कदम है.तस्वीरें उतरने और समाचार संकलन पत्रकारिता के पेशे का हिस्सा है,इन्हें कौन बताये इसमें गलत क्या है। तस्वीर लेने के कारण कैमरामैन बैजनाथ महतो, फोटोग्राफर -सह- रांची प्रेस क्लब के मैनेजिंग कमिटी के सदस्य पिन्टू दूबे, फोटोग्राफर विनय मुर्मू तथा मुकेश भट्ट की पुलिस द्वारा बर्बरता से पिटाई कर घायल करने के बाद सभी तस्वीरों को कैमरा से मिटाने के साथ रिपोर्टिंग कर रहे संवाददाता राजेश तिवारी, इमरान एवं कमलेश सहित दर्जनों पत्रकारों को चोटिल किये जाने एवं कैमरा तोड़े जाने की घटना की रांची प्रेस क्लब घोर निंदा करती है.इस कायरता पूर्ण घटना की जितनी भी निंदा की जाय कम है, यह घटना सीधे सीधे लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर हमला है।
क्लब के पदाधिकारियों ने सरकार से मांग की है कि लाठी चार्ज में घायल मीडियाकर्मियों का सरकार बेहतर इलाज कराये तथा उन्हें क्षतिपूर्ति दे। इस घटना के लिए दोषी पुलिसकर्मियों एवं अधिकारियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाय। निंदा करने वालों में प्रेस क्लब के अध्यक्ष राजेश कुमार सिंह, उपाध्यक्ष सुरेंद्र सोरेन, महासचिव शंभू नाथ चौधरी, संयुक्त सचिव आनंद कुमार, कोषाध्यक्ष प्रदीप सिंह, मैनेजिंग कमिटी के सदस्य गिरिजा शंकर ओझा, अमित अखौरी, चंचल भट्टाचार्य, प्रशांत सिंह, सत्यप्रकाश पाठक, जयशंकर, सोहन सिंह, आसिया नाजली एवं संजय रंजन शामिल हैं ।

देश के सबसे बड़े वेंडर मार्केट की सौगात

सीएम रघुवर दास ने किया अटल स्मृति वेंडर्स मार्केट का उद्घाटन
झारखंड में 25 वेंडर्स मार्केट का होगा निर्माण
2022 तक झारखंड के 36,831 वेंडर्स को मिलेगा बाजार
रांची के हरमू, रातू रोड, मोरहाबादी, एचइसी सहित पांच जगहों पर बनेंगे वेंडर मार्केट


रांची। झारखंड अक्सर कोई नई अवधारणा लाकर पूरे देश को चौंका देता है। इसी क्रम में राज्य की राजधानी रांची में देश के सबसे बड़े वेंडर मार्केट का लोकार्पण किया गया। मुख्यमंत्री रघुवर दास ने इसे जनता के सुपूर्द किया। इस अटल स्मृति वेंडर मार्केट के उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के सभी शहरों में नगरीय व्यवस्था देना सरकार की प्राथमिकता है। राज्य सरकार शहरीकरण को चुनौती नहीं बल्कि अवसर मान रही है। उन्होंने बताया कि पूरे राज्य में 25 वेंडर्स मार्केट का निर्माण किया जा रहा है। रांची के हरमू, रातू रोड, मोरहाबादी, एचईसी सहित पांच स्थलों पर वेंडर मार्केट का निर्माण होगा। राज्य के किसी भी शहर में फुटपाथ दुकाने सड़क पर ना हो इस हेतु राज्य सरकार चरणबद्ध तरीके से वर्ष 2022 तक सभी चिन्हित 36,831 वेंडर्स को मार्केट मुहैया कराएगी ताकि वे इज्जत के साथ जिंदगी जी सकें। उक्त बातें मुख्यमंत्री रघुवर दास ने आज कचहरी रोड स्थित नवनिर्मित अटल स्मृति वेंडर्स मार्केट का उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए कहीं।
मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि झारखंड अब हर क्षेत्र के विकास में नया इतिहास रच रहा है। यह राज्य सरकार की प्रतिबद्धता का परिणाम है कि निर्धारित समय से पहले आज देश का पहला बड़ा अटल स्मृति वेंडर्स मार्केट का उद्घाटन रांची में हो पाया है। इस नवनिर्मित वेंडर्स मार्केट का शिलान्यास 31 जुलाई 2016 को हुआ था।  नगर विकास विभाग द्वारा पूरे मनोयोग से इस मार्केट का निर्माण किया गया है। आज बहुत ही ऐतिहासिक दिन है कि हम सब इस मार्केट के उद्घाटन का साक्षी बन पा रहे हैं। अब झारखंड के लोग गर्व के साथ यह कह सकते हैं कि सबसे बड़ा वेंडर्स मार्केट अगर देखना है तो आप झारखंड की राजधानी रांची आएं।
 मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि रांची में जल्द ही एक बेहतरीन अर्बन हाट का भी निर्माण किया जाएगा। राज्य सरकार सोच है कि शहर में फुटपाथ में लगने वाली सब्जी मार्केट अथवा अन्य दुकाने सुव्यवस्थित किए जाएं। उन्होंने कहा कि फुटपाथ विक्रेताओं को व्यवस्थित करना सरकार की प्राथमिकता है. शहर की बाजारे स्वच्छ और सुसज्जित रहे यह वेंडर्स, नगर निगम एवं आम जनता का दायित्व है। रांची शहर को देश का टॉप 10 स्वच्छ शहर में शामिल करना हम सबों की प्राथमिकता होनी चाहिए। रांची टॉप 10 शहर की श्रेणी में तभी स्थापित हो पाएगा जब नगर निगम के अधिकारी, महापौर, उपमहापौर, पार्षद एवं आम जनता कर्तव्य का भाव जागृत कर कार्य करेंगे। टीमवर्क बनाकर कार्य करेंगे तभी सफलता मिलेगी।
 मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि गरीब के जीवन में बदलाव लाना राज्य सरकार की प्राथमिकता रही है। आज जिन वेंडर्स को इस मार्केट में दुकानें आवंटित की गई है उनकी खुशी देख कर मेरे अंदर सकारात्मक ऊर्जा का संचार हुआ है. गरीबों के जीवन में मुस्कान लाना मेरे जीवन का लक्ष्य है। वैसे गरीब वेंडर्स जिनका रहने के लिए कोई घर नहीं है उन्हें राज्य सरकार प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत घर देगी. मुख्यमंत्री ने आवंटित वंडर्स से अपील किया कि इस मार्केट का मेंटेनेंस अथवा साफ सफाई आपका दायित्व बनता है. आप अपने दुकानों के आस पास कचरा नहीं फैलने दें और डस्टबिन का उपयोग करें. छोटी छोटी चीजों से ही बड़े बदलाव दिखते हैं. किसी भी आधारभूत संरचना का बनना आसान होता है लेकिन मेंटेनेंस कर पाना उतना ही मुश्किल कार्य है इसीलिए आप सब मेंटेनेंस और स्वच्छता पर अधिक से अधिक ध्यान दें ताकि हमारा शहर साफ और स्वच्छ दिखे।

मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि अंत्योदय ही सरकार का मूल मंत्र है. विकास के पायदान में खड़े अंतिम व्यक्ति तक सरकार की योजनाओं का लाभ पहुंचाना सरकार की प्राथमिकता रही है. राज्य सरकार जन कल्याणकारी योजनाओं को लगातार प्रतिबद्धता के साथ लागू कर रही है. बस आवश्यकता है कि हम जागरूक होकर सरकार के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ें. मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील किया कि कानून का पालन अवश्य करें. दो पहिया वाहन चलाते समय हेलमेट का प्रयोग सुनिश्चित करें. वाहन चलाते समय स्पीड पर नियंत्रण रखें. वाहन तेज गति से नहीं चलाएं. युवा जोश में अपना होश नहीं खोए. सड़क पर हमेशा सुरक्षित रहें.

इस अवसर पर मुख्यमंत्री रघुवर दास ने  वेंडर्स मार्केट में स्थापित भारत रत्न स्वर्गीय अटल बिहारी बाजपेई की प्रतिमा का अनावरण भी किया. मुख्यमंत्री ने निर्धारित समय से पहले वेंडर्स मार्केट के निर्माण के लिए नामित कंस्ट्रक्शन कंपनी के मालिक हेमंत अग्रवाल को सम्मानित भी किया. मुख्यमंत्री ने वेंडर्स मार्केट में  दुकान आवंटित किए गए वेंडर्स के बीच पथ विक्रेता प्रमाण  पत्र भी वितरण किया.

इस अवसर पर नगर विकास एवं आवास विभाग के सचिव अजय कुमार सिंह ने कहा कि राज्य का पहला वेंडर मार्केट कुल 54 करोड़ रुपए की लागत राशि से रांची में बनकर तैयार हुआ है. इस वेंडर मार्केट में 195 वाहनों के पार्किंग, भूतल पर 254  कियोस्क, प्रथम तल्ले पर 218  क्योस्क, दूसरे तल्ले पर 108 दुकाने, तीसरे तल्ले पर 23 कार्यालय एवं चतुर्थ तल्ले पर 9475 वर्ग फीट का एक बैंक्वेट हॉल बनाया गया है. उन्होंने बताया कि यह वेंडर्स मार्केट राज्य का आधुनिक वेंडर्स मार्केट है. नगर विकास सचिव ने कहा कि जल्द ही रांची के जयपाल सिंह स्टेडियम का भी जीर्णोद्धार का कार्य शुरू किया जाएगा. रांची में एक नाइट मार्केट का भी निर्माण किया जाना सुनिश्चित हुआ है.

इस अवसर पर रांची के सांसद राम टहल चौधरी, महापौर रांची आशा लकड़ा, उपमहापौर रांची  संजीव विजयवर्गीय ने उपस्थित लोगों को संबोधित किया.

 इस अवसर पर नगर आयुक्त रांची मनोज कुमार, अपर सचिव नगर विकास विभाग बीपीएल दास स्थानीय पार्षद आशा देवी, नगर निगम क्षेत्र के सभी पार्षद, सभी वेंडर्स, संवेदक एवं बड़ी संख्या में अन्य लोग उपस्थित थे.

बुधवार, 14 नवंबर 2018

अनुकरणीय :मानवसेवा की प्रतिमूर्ति हैं विनोद भगेरिया

* समाज के लिए समर्पित व्यक्तित्व

रांची। कुछ लोगों के लिए निज हित नहीं, समाज हित सर्वोपरि होता है। ऐसे व्यक्ति समाज के लिए जीते और मरते हैं। व्यक्तिगत स्वार्थ से परे हटकर पीड़ित मानवता की सेवा में अपने जीवन की आहुति दे देते हैं। ऐसी ही एक शख्सियत हैं झारखंड के चक्रधरपुर (सीकेपी) निवासी लोकप्रिय सामाजिक कार्यकर्ता विनोद कुमार भगेरिया। श्री भगेरिया किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। बचपन से ही शालीन और मृदुभाषी विनोद मिलनसार प्रवृत्ति के हैं। स्थानीय लोगों के सुख दुख मे शामिल होना उनकी आदतों में शुमार है। अपने पारिवारिक दायित्वों और व्यावसायिक कार्यों को बखूबी निभाते हुए सामाजिक गतिविधियों में बढ़चढ़कर हिस्सा लेते हैं। समाजसेवा के कार्यों को धरातल पर उतारने के लिए उन्होंने स्वयंसेवी संस्था भगेरिया फाउंडेशन का गठन किया है। पेशे से व्यवसायी श्री भगेरिया रोटरी क्लब, रेडक्रॉस सोसाइटी सहित विभिन्न सामाजिक व धार्मिक संगठनों से भी जुड़े हैं। उन्होंने अपने कुछ सहयोगियों को साथ लेकर मिशन एक प्रयास कार्यक्रम की शुरुआत की है। इसके तहत शहर की मलीन बस्तियों में गरीब व हाशिए पर रहने को विवश लोगों की सहायता की जाती है। चक्रधरपुर के स्लम बस्तियों में रहनेवाले लोग उन्हें अपना मसीहा मानते हैं। झुग्गी झोपड़ी में बुनियादी सुविधाओं से वंचित लोगों को हरसंभव मदद करना, उन्हें शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल आदि की सुविधाएं उपलब्ध कराने के प्रति उनकी सक्रियता की वजह से लोग उन्हें श्रद्धा और सम्मान देते हैं। प्रत्येक वर्ष नियमित रूप से नववर्ष के अवसर पर आदिम जनजाति के बच्चों के बीच वस्त्र और अन्य सामग्री का वितरण करना उनका शौक है। बिरहोर व अन्य आदिम जनजाति समुदाय के लोग उन्हें मसीहा के तौर पर सम्मान देते हैं। यही नहीं, वह पीड़ित मानवता की सेवा के प्रति भी समर्पित रहते हैं। गरीबों को नि:शुल्क शिक्षा दिलाना, स्वास्थ्य शिविर का आयोजन, रक्तदान शिविर लगाना, गरीबों के बीच कंबल वितरण आदि सामाजिक कार्यों को बखूबी अंजाम देने में जुटे रहते हैं। उनके इस पुनीत कार्य में उनकी संस्था के सहयोगी व अन्य सामाजिक संस्थाओं का सहयोग मिलता है। भूखे प्यासे लोगों को रोटी व उनके निवाले का इंतजाम करना उनकी महानता का परिचायक है। प्रत्येक शनिवार को श्री भगेरिया सामाजिक संस्था जननायक समिति को सहयोग करते हुए चक्रधरपुर रेलवे स्टेशन पर गरीबो को रोटी- सब्जी मुहैया कराते हैं। उनकी संस्था समय- समय पर रक्तदान शिविर का भी आयोजन करती है। आगामी माह 2 दिसंबर को चक्रधरपुर में उनकी संस्था का 9 वां रक्तदान शिविर का आयोजन निर्धारित किया गया है। वह बताते हैं कि मानवता की सेवा सबसे बड़ा मानव धर्म है। गरीबों की सेवा से सुखद अनुभूति मिलती है। श्री भगेरिया कहते हैं कि अपने जीवन को धन्य बनाना है तो मानवसेवा को अपना मिशन बनाएं। जीवन सार्थक होगा।
(रांची से प्रकाशित हिन्दी सांध्य दैनिक मेट्रो रेज से साभार )

झारखंड के विकास में पुलिस की भूमिका सराहनीयः रघुवर दास




रांची। मुख्यमंत्री रघुवर दास ने झारखंड के सर्वांगीण विकास में पुलिस की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया. उन्होंने कहा कि राज्य में स्थिर सरकार बनने के बाद प्रत्येक सेक्टर में निरंतर विकास हो रहा है। पुलिस और आम जनता के सहयोग के कारण राज्य भ्रष्टाचारमुक्त, उग्रवादमुक्त, अपराधमुक्त की दिशा में अग्रसर हो सका है। पिछले 4 वर्षों में झारखंड से 80 प्रतिशत उग्रवाद का खात्मा किया जा चुका है। पूर्ण विश्वास है कि शेष 20 प्रतिशत उग्रवाद को भी झारखंड पुलिस उखाड़ फेंकेगी। पुलिस कर्मियों का अथक प्रयास का ही परिणाम है कि आज झारखंड को तीव्र गति से विकास करने वाले राज्यों की श्रेणी में लाकर खड़ा करने में सफल हो पाए हैं। पर्व, त्योहारों एवं विपरीत परिस्थितियों में भी पुलिसकर्मी बिना कोई छुट्टी लगातार आम जनता की सुरक्षा एवं विधि व्यवस्था के संधारण के लिए कर्तव्य स्थल पर तैनात रहते हैं। राज्य सरकार द्वारा पूर्व में यह घोषणा किया गया था कि झारखंड में पुलिसकर्मियों को हर वर्ष 13 माह का वेतन दिया जाएगा। राज्य सरकार द्वारा किया गया यह वादा जरूर पूरा होगा। 13 महीने वेतन निर्धारण की प्रक्रिया प्रगति पर है आने वाले नए वर्ष में पुलिसकर्मियों को यह खुशखबरी मिलने की संभावना है। उक्त बातें मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने झारखंड स्थापना दिवस के अवसर पर जैप वन ग्राउंड डोरंडा में आयोजित 18वें झारखंड स्थापना दिवस परेड एवं अलंकरण समारोह 2018 को संबोधित करते हुए कहीं.
मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि सरकार बनने के बाद आम जनता के सुरक्षा एवं विधि व्यवस्था के संधारण हेतु राज्य में 15 हजार पुलिस कर्मियों की नियुक्ति की गई है। राज्य में अपराध मुक्त व्यवस्था लागू करना सरकार की प्राथमिकता रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि ज्ञान आधारित युग में पुलिस को भी तकनीकी का पूरा उपयोग करना चाहिए। राज्य एवं देश में साइबर क्राइम चुनौती के तौर पर उभर रहा है। साइबर क्राइम जैसी चुनौतियों से निपटने के लिए राज्य सरकार द्वारा विभिन्न चिन्हित जगहों पर साइबर थाना भी बनाया गया है। साइबर क्राइम को आधुनिक तकनीक अपनाकर ही खत्म किया जा सकेगा। पुलिस विभाग अपने मानव संसाधन को दक्षता आयुक्त बनाएं ताकि वे साइबर क्राइम का मुंहतोड़ जवाब दे सकेंगे। मुख्यमंत्री कहा कि शहर में अमन चैन रहे इस हेतु सभी चिन्हित चौक चौराहों पर सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए हैं।
मुख्यमंत्री रघुवर दास ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा शहीद हुए पुलिसकर्मियों के वैसे परिवार अथवा आश्रितों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवास दिया जाएगा जो आवासहीन हैं। महिला पुलिसकर्मी एवं पुरुष पुलिसकर्मियों के आवासन एवं अन्य सुविधा हेतु अलग अलग बैरक का निर्माण कराया जा रहा है। महिला पुलिस कर्मियों के लिए आवासन के लिए कुल 28 स्थानों में महिला बैरक का निर्माण कराया जा चुका है।
मुख्यमंत्री रघुवर दास द्वारा अलंकरण दिवस 2018 के अवसर पर झारखंड पुलिस के कुल 102 पदाधिकारियों/ कर्मियों को विभिन्न पुरस्कारों से नवाजा गया। इन पुरस्कारों में विशिष्ट सेवा के लिए 2 पदाधिकारियों को राष्ट्रपति पुलिस पदक, वीरता के लिए कुल 8 पदाधिकारी/आरक्षी कर्मियों को पुलिस पदक, सराहनीय सेवा के लिए कुल 28 पदाधिकारी/आरक्षी कर्मियों को पुलिस पदक सहित विशिष्ट सेवा के लिए झारखंड राज्यपाल पदक हेतु एक पदाधिकारी, वीरता के लिए कुल 35 पदाधिकारी/आरक्षीकर्मियों को झारखंड मुख्यमंत्री पदक तथा सराहनीय सेवा के लिए कुल 20 पदाधिकारी/आरक्षीकर्मियों को झारखंड पुलिस पदक दिया गया. अलंकरण समारोह के दौरान संबंधित पुलिस पदाधिकारी एवं आरक्षीकर्मी शामिल थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी नौकरी में सम्मान प्राप्त करना बहुमूल्य क्षण होता है। आज का दिन बहुत ही यादगार दिन है कि आप अपने कर्तव्य निष्ठा से इस बहुमूल्य क्षण का सौभाग्य प्राप्त कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने इस अवसर पर वीरगति प्राप्त हुए कुल 7 शहीदों के परिजनों को 25-25 हजार रुपए की राशि का चेक, शाल देकर सम्मानित किया। उन्होंने कहा कि मैं नमन करता हूं उन माताओं बहनों को जिन्होंने अपना बेटा अपना पति को राज्य एवं देश की रक्षा के क्रम में खोया है। उन्होंने शहीदों के परिवार एवं आश्रितों को भरोसा दिया कि रघुवर का ये दास हर सुख दुख में आपके साथ सदैव खड़ा रहेगा।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री रघुवर दास ने जैप वन ग्राउंड डोरंडा परिसर में स्पोर्ट्स कंपलेक्स का भी उद्घाटन किया।
गृह विभाग के प्रधान सचिव श्री एस के जी रहाटे एवं डीजीपी श्री डीके पांडे ने भी उपस्थित लोगों को संबोधित किया।
इस अवसर पर राज्य के मुख्य सचिव श्री सुधीर त्रिपाठी, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव डॉ सुनील कुमार वर्णवाल, डीजी होमगार्ड श्री बी बी प्रधान, डीजी जैप श्री नीरज सिन्हा, डीजी मुख्यालय श्री पी आर के नायडू, पुलिस पदक से सम्मानित सभी वरीय एवं कनीय पुलिस पदाधिकारी, पुलिस पदाधिकारी, शहीद पुलिसकर्मियों के परिजन एवं परेड में शामिल महिला एवं पुरुष पुलिसकर्मी सहित अन्य लोग बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

मंगलवार, 13 नवंबर 2018

प्रथम छमाही में नाल्‍को का शुद्ध लाभ तीन गुना बढ़ा


 परिचालन मुनाफे में चार गुना बढ़ोतरी
  
नई दिल्ली। खान मंत्रालय के अधीनस्‍थ एक नवरत्न सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम (पीएसयू) नेशनल अल्‍युमिनियम कंपनी (नाल्‍को) ने एक बार फिर वित्तीय मोर्चे पर दमदार प्रदर्शन किया है। वित्त वर्ष 2018-19 की प्रथम छमाही में कंपनी ने 5,952 करोड़ रुपये का कारोबार किया है जो वित्त वर्ष 2017-18 की प्रथम छमाही में किए गए कारोबार (टर्नओवर) की तुलना में 42 प्रतिशत अधिक है। कंपनी का शुद्ध मुनाफा वित्त वर्ष 2018-19 की प्रथम छमाही में 229 प्रतिशत की शानदार बढ़ोतरी दर्शाते हुए 1197 करोड़ रुपये के स्‍तर पर पहुंच गया हैजबकि पिछले वित्त वर्ष (2017-18) की प्रथम छमाही में कंपनी का शुद्ध लाभ 364 करोड़ रुपये आंका गया था।
चालू वित्त वर्ष की प्रथम छमाही में जहां एक ओर नाल्‍को का शुद्ध मुनाफा लगभग तीन गुना बढ़ गया हैवहीं दूसरी ओर कंपनी का परिचालन मुनाफा पिछले वित्त वर्ष की प्रथम छमाही में अर्जि‍त 334 करोड़ रुपये की तुलना में इस दौरान चार गुना से भी अधिक बढ़कर 1624 करोड़ रुपये के स्‍तर को छू गया है। कंपनी का ईबीआईटीडीए (ब्याज, कर, मूल्यह्रास और कर्ज अदायगी पूर्व कमाई) मार्जि‍न 17 प्रतिशत से दोगुना होकर 34 प्रतिशत के स्‍तर पर पहुंच गया है।
आज भुवनेश्‍वर में आयोजित कंपनी के निदेशक मंडल की बैठक में वित्त वर्ष 2018-19 की दूसरी ति‍माही और प्रथम छमाही के वित्तीय परिणामों की समीक्षा की गई। नाल्‍को ने चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में 510 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा कमाया है, जो पिछले वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में अर्जि‍त किए गए 235 करोड़ रुपये के शुद्ध लाभ की तुलना में दोगुने से भी अधिक है। चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में कंपनी का परिचालन मुनाफा 229 प्रतिशत बढ़कर 735 करोड़ रुपये के स्‍तर को छू गया है, जो इससे पिछले वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में अ‍र्जि‍त 223 करोड़ रुपये के परिचालन मुनाफे की तुलना में 229 प्रतिशत ज्‍यादा है।
अमेरिका के व्‍यापार प्रतिबंधों, इत्‍यादि के कारण अल्‍युमिना और अल्‍युमिनियम के बाजारों में तेज उतार-चढ़ाव रहने के बावजूद नाल्‍को नए कारोबारी मॉडल की बदौलत अपने प्रदर्शन में उल्‍लेखनीय सुधार करने में सक्षम साबित हुई है। नाल्‍को ने नया कारोबारी मॉडल डेढ़ साल पहले पेश किया था। कंपनी के इस नवीन मॉडल से पिछले वित्त वर्ष यानी 2017-18 में उसका शुद्ध मुनाफा दोगुना करने में मदद मिली है। इसी तरह वित्त वर्ष 2018-19 की प्रथम तिमाही के दौरान इसमें और ज्यादा उल्‍लेखनीय सुधार देखा गया है। नाल्‍को ने वित्त वर्ष 2018-19 की प्रथम तिमाही में 687 करोड़ रुपये का शुद्ध मुनाफा कमाया है, जबकि वित्त वर्ष 2017-18 की प्रथम तिमाही में कंपनी का शुद्ध मुनाफा 129 करोड़ रुपये आंका गया था। नाल्‍को के शानदार प्रदर्शन का क्रम चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में भी जारी रहा। नए कारोबारी मॉडल के तहत विशिष्‍ट उपभोग में कमी करने, लागत में कटौती करने, उत्‍पादन बढ़ाने, हाजिर बाजार (स्‍पॉट मार्केट) में रणनीतिक विपणन करने, इत्‍यादि पर फोकस रहा है। नाल्‍को के चेयरमैन एवं प्रबंध निदेशक (सीएमडी) डॉ. टी.के.चंद के नेतृत्‍व में कंपनी की समर्पित एवं दृढ़प्रतिज्ञ टीम को 2018-19 के पूरे वित्त वर्ष के दौरान रिकॉर्ड कारोबार करने एवं मुनाफा कमाने का भरोसा है।

स्वर्ण जयंती वर्ष का झारखंड : समृद्ध धरती, बदहाल झारखंडी

  झारखंड स्थापना दिवस पर विशेष स्वप्न और सच्चाई के बीच विस्थापन, पलायन, लूट और भ्रष्टाचार की लाइलाज बीमारी  काशीनाथ केवट  15 नवम्बर 2000 -वी...