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मंगलवार, 27 अगस्त 2019

हर्षा केजरिवाल ने किया चक्रधरपुर का नाम रौशन

कंपनी सेक्रेट्री की परीक्षा में अनुंडल की पहली सफल परीक्षार्थी बनी हर्षा
निर्धारित अवधि में मिली कामयाबी, बधाई देने वालों का लगा तांता


प्रतिनिधि
 चक्रधरपुर। चक्रधरपुर की बेटी सुश्री हर्षा केजरिवाल ने अनुमंडल का नाम रौशन किया है. वह पहली छात्रा है, जिसने कम्पनी सेक्रेटरी (सीएस) की परीक्षा पास की है. इससे पूर्व किसी बालक या बालिका ने यह सफलता हासिल नहीं की थी. चक्रधरपुर ठठेरा मुहल्ला निवासी शैलेश केजरिवाल व उनकी धर्मपत्नी शोभा केजरिवाल की सबसे बड़ी सुपुत्री हर्षा के इस सफलता पर केवल उनके परिवार के सदस्य नहीं बल्कि परिवार को जानने वाले लोग भी हर्षित हैं. उन्हें बधाई देने वालों की संख्या सैंकड़ों में पहुंच गई है. हर्षा ने निर्धारित चार सालों में इस कामयाबी को हासिल की. इस्टीच्यूट ऑफ कम्पनी सेक्रेटरी ऑफ इंडिया नई दिल्ली द्वारा आयोजित परीक्षा का परिणाम 25 अगस्त को निकला था. जिसमें हर्षा भी सफल रही है. पुरे भारत वर्ष में मात्र 14 बच्चों को ही रैंक मिला था. ये बच्चे परीक्षा के तीनों चरण में एक साथ सफल हुए हैं. हर्षा दो चरण में कामयाब बनी है. हर्षा बताती है कि कुल तीन समूह की परीक्षा होती है. मैं पहले चरण में दो समूह तथा दूसरे चरण में अंतिम समूह की परीक्षा में सफल रही. पुरे चार साल का वक्त तीनों समूह की परीक्षा पास करने में लगा. हर्षा अब आगे पुणे, हैदराबाद या फिर नई दिल्ली में जॉब करना चाहती है. हर्षा ने संत जेवियर्स इंगलिश स्कूल से मैट्रिक व केंद्रीय विद्यालय चक्रधरपुर से आईकॉम की पढ़ाई करने के बाद सीएस की पढ़ाई की शुरूआत जमशेदपुर से की. कोलकाता के एस चोरारिया एंड एसोसिएट से प्रशिक्षण पुरी की. हर्षा की छोटी बहन श्रद्धा भी सीए फाइनल इयर की पढ़ाई कर रही है. अपने माता-पिता के योगदान को याद कर वह कहती है कि यदि उनका साथ और भरोसा हमें नहीं मिला होता तो शायद यह सफलता मैं हासिल नहीं कर सकती थी.

समानता रही है डॉ. अजय और डॉ.रामेश्वर उरांव में



विनय मिश्रा
चक्रधरपुर। भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी रहे डॉ.अजय कुमार के  इस्तीफे के पश्चात कांग्रेस के नए प्रदेश अध्यक्ष डॉ. रामेश्वर उरांव भी भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी एवं अपर पुलिस महानिदेशक रह चुके हैं। पूर्व और वर्तमान अध्यक्ष में यह समानता है कि डॉ. रामेश्वर उरांव एकीकृत बिहार के समय पश्चिम सिंहभूम (चाईबासा) के एस पी के पद पर पदस्थापित रहे हैं। डॉ. उरांव 18.1.1977 से  लेकर 1.10.1980 तक इस जिला के पुलिस कप्तान रहे हैं। वहीं 1989 में पूर्वी सिंहभूम( जमशेदपुर)  भी जिला बना तथा इस जिला के पुलिस कप्तान रहने वाले डॉ अजय कुमार 4.5.1994 से लेकर 15.5.1996 तक पुलिस अधीक्षक रहे। इसके बाद डॉ अजय कुमार जमशेदपुर लोकसभा से चुनाव जीतकर सांसद बने। बाद में डाॅ. अजय जे वी एम को अलविदा कह कांग्रेस में शामिल हो गए और कांग्रेस अध्यक्ष भी बने। इस प्रकार से निवर्तमान प्रदेश अध्यक्ष डॉ अजय कुमार व नए अध्यक्ष रामेश्वर उरांव का जुड़ाव रहा है। यही नहीं, बिहार के पूर्व डी जी पी आशीष रंजन सिन्हा रामेश्वर उरांव के समधी भी हैं। डॉ.उरांव संगठन को सशक्त बनाने की दिशा में क्या कुछ विशेष प्रकार की रणनीति अख्तियार करते हैं, यह देखना दिलचस्प होगा।

डेविड अब्राहम बने जन अधिकार मंच के रांची जिला अध्यक्ष


रांची।आदिवासी मूलवासी जन अधिकार मंच के केंद्रीय अध्यक्ष राजू महतो ने डेविड अब्राहम को रांची जिला का अध्यक्ष मनोनीत किया है। श्री डेविड अब्राहम झारखंड आंदोलनकारी हैं एवं आजसू संगठन के विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर रहते हुए झारखंड आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। मंच के अध्यक्ष राजू महतो ने कहा कि श्री डेविड अब्राहम के अध्यक्ष बनने पर आदिवासी मूलवासी आंदोलन को बल मिलेगा। श्री डेविड अब्राहम के जिला अध्यक्ष बनने पर उपाध्यक्ष सरजन हांसदा, गणेश दास, धर्म दयाल साहू, गोपाल महतो, विनीता खलखो, ज्योति लकड़ा, मोनिका देवी आदि ने बधाई दी है।

जैप-7 के प्रांगण में तिरंगा के माध्यम से राष्ट्रीय भावना के संचार का संकल्प

समाजसेवी सुधांशु सुमन हुए शामिल


हजारीबाग। झारखण्ड आर्म्ड पुलिस 7 के प्रांगण में   पट्रियटिक इन्डिया और ग्रीन इन्डिया के कार्यक्रम का आयोजन किया गया  जिसमें डीएसपी राजेन्द्र सिंह के नेतृत्व में सैकड़ों जवानों ने भाग लिया ,तिरंगा सम्मान यात्रा के सूत्रधार सुधांशु सुमन ने तमाम पुलिस जवानों को जयहिंद कर रांची एक्सप्रेस के महाभियान ग्रीन इंडिया ,हैल्थी इंडिया ,एजुकेट इंडिया ,विलेज एक्शन प्लान और भारत के यशस्वी प्रधान मंत्री नरेंद्र दामोदर दास मोदी  के द्वारा तिरंगा के माध्यम से हटाए गए 370 धारा का जिक्र करते हुए  एक संविधान ,एक विधान ,एक तिरंगा  की लागू होने और उनके राष्ट्रीय भावना को गांव गांव तक पहुंचाने के बातें कहीं साथ झारखण्ड के विकास पुरुष झारखण्ड के मुख्य मंत्री रघुवर दास के द्वारा झारखंड में हुए विकास को गांव गांव तक तिरंगा के माध्यम से पहुंचाने का कार्यक्रम किया जा रहा है , यह यात्रा देश के छह लाख 49 हजार गांव तक 2028 तक जाने का लक्ष्य है।

झामुमो का केंद्रीय सचिव बनने पर पूर्व विधायक सुखराम उरांव का स्वागत


चक्रधरपुर ।पूर्व विधायक सुखराम उरांव  को झारखंड मुक्ति मोर्चा का केंद्र समिति का सचिव बनने पर जे एम एम के कार्यकर्ताओं ने फुलगुच्छ देकर  और माला पहनाकर रेलवे ओवर ब्रिज के नीचे स्वागत सभा आयोजन कर उनको मुबारकबाद दी । इस बीच पूर्व विधायक व केंद्र समिति के सचिव सुखराम उरांव ने कहां कि आने वाले दिनों में  झारखंड मुक्ति मोर्चा पार्टी और मजबूत होगी ।अब की बार झारखंड राज्य में फुल बहुमत से जे एम एम की सरकार बनेगी। उन्होंने कहा कि मुझे जो जिम्मेदारी मिली है मैं इसे ईमानदारी से निभाऊंगा और जेएमएम पार्टी को हर हाल में ग्रामीण क्षेत्र के साथ साथ शहरी क्षेत्रों में भी मजबूत करूंगा।मौके पर जे एम एम नगर अध्यक्ष मुन्ना खान ,नगर उपाध्यक्ष संजय चंदोलिया ,मोहम्मद सलीम कुरैशी,मो0 तफजूल ,मोहम्मद इस्लाम ,मोहम्मद जावेद ,मोहम्मद  पिरूल हक आदि उपस्थित थे।

सोमवार, 26 अगस्त 2019

प्रधानाचार्य ने मेधावी बहनों को सम्मानित किया


पद्मावती जैन सरस्वती शिशु विद्या मंदिर चाईबासा द्वारा संस्कृति ज्ञान परीक्षा में शामिल स्थानीय  स्कॉट गर्ल्स स्कूल की अधिकतम अंक प्राप्त करने वाली बहनों को विद्यालय के प्रधानाचार्य द्वारा मेडल पहना  एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।

गिरीडीह में हुआ अरूणोदय समिति का विस्तार


गिरीडीह। अरुणोदय समिति (शाकद्वीपीय ब्राह्यण संगठन )का विस्तार झारखण्ड के जिला गिरीडीह में किया गया । बैठक शुरूआत भगवान भास्कर के समक्ष दीप  प्रज्जवलित कर किया गया । बैठक में अरुणोदय  समिति   गिरिडीह  जिला ईकाई के  अध्यक्ष   कुंदन पाठक  उपाध्यक्ष- अभिषेक मिश्र, कोषाध्यक्ष- दीपक कुमार पाठक,सचिव- बबलू पाठक ,मीडिया प्रभारी -  पिंकेश पाठक जी को सर्वसम्मति  से बनाया गया। बैठक में समाज के  रिन्कू पाठक, रौशन कुमार पाठक,शनी पाठक,चंदन पाठक,पप्लू  पाठक, बैकुठ पाठक, मिथलेश मिश्रा, सूरज मिश्रा सहीत समाज के अनेक शाकद्वीपीय बन्धु  भाग लिये । गिरीडीह  जिला अध्यक्ष कुंदन पाठक जी ने बताये की आज हमारा समाज बहुत ही बिखरा हुआ है जिसे एक  पँक्ति में,एक समाज में जोड़ा जाय  तथा कमजोर तबके के लोगो को अवहेलना की नजर से देखा जाता है।उसे दूर कर समाज को आगे बढ़ाया जाय। उन्होनें बताया की अरुणोदय समिति ,झारखंड की स्थापना 20/09/2015 में की गई।अब तक यह रांची,हजारीबाग,रामगढ,गुमला,में काम कर रही है। उसी को आगे बढ़ाते  हुए अब गिरिडीह में भी विस्तार  किया   गया है।
बैठक की अध्यक्षता  झारखण्डी पाठक जी  के द्वारा किया गया । यह जानकारी समिति के मीडिया प्रभारी  पिंकेश पाठक जी ने दिये ।

स्वर्ण जयंती वर्ष का झारखंड : समृद्ध धरती, बदहाल झारखंडी

  झारखंड स्थापना दिवस पर विशेष स्वप्न और सच्चाई के बीच विस्थापन, पलायन, लूट और भ्रष्टाचार की लाइलाज बीमारी  काशीनाथ केवट  15 नवम्बर 2000 -वी...