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रविवार, 6 अक्टूबर 2019

कर्त्तव्यपरायणता की मिसाल पेश करते रहे हैं आईपीएस एसके झा


* अपराध मुक्त समाज निर्माण में हैं सतत प्रयासरत


विनय मिश्र
  रांची / गिरिडीह।  कर्तव्यनिष्ठ लगन शील और ईमानदार अधिकारियों की हर जगह कद्र होती है। अपनी कर्तव्यनिष्ठा के बलबूते ऐसे अधिकारी आम जनता के चहेतों में शामिल हो जाते हैं। ऐसी ही एक शख्सियत हैं वर्ष 2010 बैच के भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी सुरेंद्र कुमार झा। पुलिस विभाग में वे एक तेजतर्रार अधिकारी के रूप में जाने जाते हैं। उनकी प्रथम पदस्थापना चक्रधरपुर में बतौर एसडीपीओ हुई। वहां उन्होंने अपराध नियंत्रण के क्षेत्र में कई ऐसे उल्लेखनीय कार्य किए, जिसे आज भी वहां की जनता याद कर उनके प्रति सम्मान और आभार व्यक्त करती है। श्री झा रांची जिले के ग्रामीण एसपी के पद पर भी रहे। उसके बाद उन्हें चतरा का एस पी बनाया गया उन्होंने धनबाद में बतौर एसपी अपराध नियंत्रण और विधि व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए कई मिसाल पेश की। जब धनबाद में एस एस पी का पद सृजित किया गया तब उन्हें एस एस पी  के पद पर धनबाद में पदस्थापित किया गया।  श्री झा धनबाद के प्रथम एस एस पी बनाये गये। इसके बाद वे एस टी एफ के एस पी बनाये गये। इसके बाद वे कोडरमा में एस पी बनाये गये।  कोडरमा के बाद  27 नवंबर 2017 को  श्री झा को गिरीडीह का एस एस पी बनाया गया।  वर्तमान समय में  22 माह से गिरीडीह के एस पी हैं।  वह जहां भी पदस्थापित रहे, अपनी उत्कृष्ट कार्यशैली, कर्तव्यपरायणता और ईमानदार पहल की वजह से अपराध नियंत्रण और उग्रवादी गतिविधियों पर काबू पाने में सफल रहे हैं। उनकी छवि पब्लिक- फ्रेंडली पुलिस अधिकारी के रूप में भी है। आम जनता के लिए सुरेंद्र कुमार झा एक अच्छे और नेकदिल इंसान हैं। वहीं, अपराधियों के लिए वह एक सख्त पुलिस पदाधिकारी हैं। अपराध नियंत्रण उनकी प्राथमिकताओं में शामिल रहा है। बेहतर विधि-व्यवस्था बनाए रखने और शहर को अपराध मुक्त करने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। अपने कार्यकाल के दौरान श्री झा ने जनहित में कई ऐसे उल्लेखनीय कार्य किए हैं, जिसकी चर्चा करते आज भी लोग नहीं थकते। जनता उन्हें एक कर्तव्यनिष्ठ अधिकारी के रूप में सम्मान देती है। उनका मानना है कि समाज को सही दिशा दिखाने के लिए लोगों को सतत प्रयासरत रहने की आवश्यकता है। वह कहते हैं कि अपराध मुक्त समाज से ही हमारा देश व समाज स्वस्थ, स्वच्छ और समृद्ध हो सकता है।

आईएएस के के सोन और आराधना पटनायक ने की महासप्तमी की पूजा



रांची। झारखंड सरकार के पथ निर्माण विभाग व राजस्व निबंधन और भूमि सुधार विभाग के प्रधान सचिव आईएएस के के सोन और पीएचइडी, आर ई ओ विभाग की सचिव आराधना पटनायक ने महासप्तमी के अवसर पर मां दुर्गा की पूजा-अर्चना की और मां का आशीष प्राप्त किया। श्री सोन और श्रीमती पटनायक ने दुर्गोत्सव के अवसर पर समस्त झारखंड वासियों को अपनी शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भक्तगण श्रद्धा पूर्वक दुर्गोत्सव में शामिल हों और शारदीय नवरात्र के अवसर पर मां का आशीर्वाद प्राप्त कर देश व समाज के नव निर्माण की दिशा में सकारात्मक कदम उठाएं।  इस अवसर पर धार्मिक- आध्यात्मिक विषयों के ज्ञाता और प्रख्यात आध्यात्मिक गुरु आचार्य कृष्णानंद ने दुर्गोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए सौहार्दपूर्ण वातावरण में पर्व-त्यौहार मनाने की अपील की। इस मौके पर काफी संख्या में श्रद्धालु गण उपस्थित थे।

शनिवार, 5 अक्टूबर 2019

जांबाज पुलिस अधिकारी हैं सुरेंद्र कुमार झा




कर्तव्यनिष्ठ लगन शील और ईमानदार अधिकारियों की हर जगह कद्र होती है। अपनी कर्तव्यनिष्ठा के बलबूते ऐसे अधिकारी आम जनता के चहेतों में शामिल हो जाते हैं। ऐसी ही एक शख्सियत हैं वर्ष 2010 बैच के भारतीय पुलिस सेवा के अधिकारी सुरेंद्र कुमार झा। पुलिस विभाग में वे एक तेजतर्रार अधिकारी के रूप में जाने जाते हैं। उनकी प्रथम पदस्थापना चक्रधरपुर में बतौर एसडीपीओ हुई। वहां उन्होंने अपराध नियंत्रण के क्षेत्र में कई ऐसे उल्लेखनीय कार्य किए, जिसे आज भी वहां की जनता याद कर उनके प्रति सम्मान और आभार व्यक्त करती है। श्री झा रांची जिले के ग्रामीण एसपी और रांची के एसपी के पद पर भी रहे। उन्होंने धनबाद में बतौर एसपी अपराध नियंत्रण और विधि व्यवस्था बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए कई मिसाल पेश की। वह कोडरमा में एसटीएफ के एसपी पद पर रहे। वर्तमान में श्री झा गिरिडीह में पुलिस अधीक्षक हैं। वह जहां भी पदस्थापित रहे, अपनी उत्कृष्ट कार्यशैली, कर्तव्यपरायणता और ईमानदार पहल की वजह से अपराध नियंत्रण और उग्रवादी गतिविधियों पर काबू पाने में सफल रहे हैं। उनकी छवि पब्लिक- फ्रेंडली पुलिस अधिकारी के रूप में भी है। आम जनता के लिए सुरेंद्र कुमार झा एक अच्छे और नेकदिल इंसान हैं। वहीं, अपराधियों के लिए वह एक सख्त पुलिस पदाधिकारी हैं। अपराध नियंत्रण उनकी प्राथमिकताओं में शामिल रहा है। बेहतर विधि-व्यवस्था बनाए रखने और शहर को अपराध मुक्त करने में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। अपने कार्यकाल के दौरान श्री झा ने जनहित में कई ऐसे उल्लेखनीय कार्य किए हैं, जिसकी चर्चा करते आज भी लोग नहीं थकते। जनता उन्हें एक कर्तव्यनिष्ठ अधिकारी के रूप में सम्मान देती है। उनका मानना है कि समाज को सही दिशा दिखाने के लिए लोगों को सतत प्रयासरत रहने की आवश्यकता है। वह कहते हैं कि अपराध मुक्त समाज से ही हमारा देश व समाज स्वस्थ, स्वच्छ और समृद्ध हो सकता है।
 प्रस्तुति : विनय मिश्रा

शुक्रवार, 4 अक्टूबर 2019

आचार्य कृष्णानंद ने दुर्गोत्सव के अवसर पर दिया आशीष


रांची। प्रख्यात विद्वान, धार्मिक व आध्यात्मिक विषयों के ज्ञाता व मुख्यमंत्री के पुरोहित आचार्य कृष्णानंद ने दुर्गोत्सव के दौरान षष्ठी के अवसर पर श्रद्धालुओं को आशीष देते हुए उनके सुख- समृद्धि की कामना की है। उन्होंने शुक्रवार को राजधानी रांची के अशोक बिहार स्थित गणेश अपार्टमेंट में रहने रहे झारखंड सरकार के भू- राजस्व,निबंधन विभाग के संयुक्त सचिव रामकुमार सिन्हा और उनकी पत्नी श्वेता शालिनी के निवास स्थल पर पूजा-अर्चना की और उन्हें दुर्गोत्सव का आशीर्वाद दिया। इस अवसर पर आचार्य कृष्णानंद ने कहा कि नवरात्र में दुर्गा मां की आराधना महत्वपूर्ण है। हम दुर्गा माता का आह्वान करते हैं। जीवन में अच्छे कर्म करें,अच्छे रास्ते पर अग्रसर रहें, इसके लिए माता से आशीर्वाद मांगते हैं। नवरात्रि के अवसर पर मां दुर्गा के पूजन में मंत्रों और विधि-विधान का खास महत्व है। इस अवसर पर आचार्य कृष्णानंद ने समस्त झारखंड वासियों को दुर्गा पूजा की शुभकामनाएं दी।साथ ही उन्होंने श्रद्धालुओं और आम जनता से दुर्गोत्सव के अवसर पर अमन-चैन बरकरार रखने में सहयोग करने की अपील की।

दो दिग्गजों का मिलन

* सुख-समृद्धि और अमन-चैन का किया आह्वान

रांची। अपने-अपने क्षेत्र में अपनी प्रतिभा का परचम लहराने वाले दो दिग्गज हस्तियों की औपचारिक मुलाकात से समाज के बीच बेहतर संदेश गया है। इस सुखद क्षण के साक्षी हैं पुलिस विभाग की कर्मी और विश्वविख्यात वेटलिफ्टर चैंपियन सुजाता भगत तथा जांबाज आईपीएस अधिकारी व वर्तमान में जैप के आईजी सुधीर कुमार झा। गौरतलब है कि सुजाता भगत ने वेटलिफ्टिंग के क्षेत्र में अपनी प्रतिभा प्रदर्शित कर विश्व में झारखंड और पुलिस विभाग का नाम रौशन किया है, वहीं,आईपीएस सुधीर कुमार झा ने भी अपनी उत्कृष्ट कार्यशैली से कर्तव्यपरायणता का परिचय देते हुए काफी ख्याति अर्जित की है। दोनों दिग्गजों के मुलाकात से समाज में एक सकारात्मक संदेश संप्रेषित हुआ है। ऐसी ही शख्सियतों से प्रेरणा लेकर अन्य लोग भी समाज व राष्ट्र के नवनिर्माण की दिशा में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। विदित हो कि सुधीर कुमार झा एक कर्तव्यनिष्ठ, ईमानदार व लगन शील आईपीएस अधिकारी के रूप में जाने जाते हैं। वहीं, सुजाता भगत ने विश्वस्तरीय वेटलिफ्टिंग प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा का परचम लहराते हुए झारखंड सहित देश के गौरव के रूप में स्वयं को स्थापित किया है। दोनों शख्सियतों ने समस्त झारखंडवासियों को दुर्गोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए दुर्गा पूजा के दौरान शांति-व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।

गुरुवार, 3 अक्टूबर 2019

जेसीआई रांची का डांडिया नाईट "जलसा " सम्पन



जेसीआई रांची ने मंगलवार को हरमू रोड  स्थित कार्निवाल  में अपने सुपरहिट  कार्यक्रम जलसा 2019,डंडिया नाईट का आयोजन किया ।जलसा के प्रमुख पार्टनर  B । M  । W कार & anytime  फिटनेस हेल्थ क्लब थे   ।साथ ही शह पार्टनर बगला सिक्योरिटी, उज्जीवन बैंक,श्री गजानंद ज्वेलर्स,सुपर प्रोटेक्ट सिक्योरिटी सर्विसेज,कोरोना,अनोखा इवेंट्स,TDFS  थे ।

प्रवक्ता जेसी निशांत मोदी  ने बताया की यह जलसा का दुशरा संस्करण था । डी जे "लील ' बी"  ,सेलेब्रिटी के रूप में मुंबई से आई थी ।  वही कई सिंगरो ने  भी अपनी धुन पर रांची के लोगो को झूमाया।इस कार्यक्रम को सफल बनाने के  लिए सभी सदस्य करीब ३ महिने से लगे हुये थे । हर छोटी से छोटी बात का विशेष ध्यान रखा गया।


जलसा के मुख्य आकर्षण

लाइव बैंड,स्पेशल किड्स जोन,डेकोरेशन,फ्री ४ दिवस्य डंडिया वर्कशॉप एवं ढेर सारे इनाम इस आयोजन की खासियत थे  ।
लोगो के रुझान को देखते हुयें स्पेशल सेल्फी जोन भी बनाया गया था ।डी ज  ललिल'बी ने जोगड़ा तारा,कम्मरिया अवं गुजरती धुनो  पे लोगो को खूब झुमाया ।गूजराती थइम  डेकोरेशन  से  कार्निवाल हॉल  की  सोभा  देखती  ही बनती  थी।

जलसा २०१९ म पुरुस्कृत लोग
 बेस्ट कपल:विवेक & ज्योति दस्साणी
बेस्ट मेल: विक्रम अग्रवाल
 बेस्ट फीमेल : रूपा सिंह
बेस्ट किड: सताक्षी राजगडिया
बेस्ट एक्सप्रेशन :कोमल दादनी बेस्ट ड्रेस : सूचि जैन
मोस्ट ब्यूटीफुल लेडी: नेहा अग्रवाल
मोस्ट एनर्जेटिक पर्सन : मनीषा  साबू।
एक ११ मिंटो का स्पेशल डांडिया सेशन   किया गया  जिसमे ११ विजेताओं को गिफ्ट हैंपर दिए गए ।  बच्चों और महिलाओ ने इस सेशन मे खूब आनंद लिया ।
गुजरती परिधानों मे बच्चो,महिलाो एवं पुरषो  को देख कर ऐसी अनुभूति हो रही थी  मानो रांची अहमदाबद बन गया हैं।

सीआरपीएफ कमांडेंट ने चलाया स्वच्छता अभियान


चक्रधरपुर। 60 बटालियन के कमाण्डेंट आनन्द कुमार जेराई के नेतृत्व में दिनांक 11 सितम्बर से 02 अक्टूबर 2019 तक स्वच्छता अभियान चलाया गया। इसी क्रम में दिनांक 02 अक्टूबर 2019 को   सी.आर.पी.एफ 60 बटालियन के कमाण्डेंट आनन्द कुमार जेराई, साधु शरण यादव, द्वितीय कमान अधिकारी,  राजू डी. नायक, द्वितीय कमान अधिकारी,  जियाउलहक, उप कमाण्डेन्ट, अन्य अधिकारी व जवानों ने सफाई अभियान में हिस्सा लिया। स्वच्छता ही सेवा का उद्देश्य स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत महात्मा गांधी की 150वीं जयंती के अवसर पर भारत को प्लास्टिक व कचड़े से मुक्त बनाना है। स्वच्छता ही सेवा के तहत “प्लास्टिक कचड़ा जागरुकता और प्रबंधन” पर विशेष जोर देते हुए सबसे पहले सी.आर.पी.एफ 60 बटालियन के अधिकारियों व जवानों द्वारा स्वच्छता ही सेवा की शपथ ली गयी एवं कमाण्डेंट 60 बटालियन द्वारा उपस्थित सभी अधिकारियों, जवानो व स्थानीय नागरिको को स्वच्छता ही सेवा के संबंध में जागरुक किया गया साथ ही सभी अधिकारीयों व कार्मिकों ने स्वच्छता अभियान में भाग लेने के लिए एक वर्ष में 100 घंटे का समय सफाई व्यवस्था को देने के लिए प्रतिज्ञा ली।
  स्वच्छता ही सेवा अभियान के तहत 60 बटालियन के सभी कंम्पनियों द्वारा लोढ़ाई, गोईलकेरा, औरंगा, हेसाडीह, सोनुआ व गुदरी के कैंप परिसरों एवं कैम्प के आस-पास के विभिन्न स्थानों पर वृक्षारोंपण का आयोजन किया गया साथ ही आस पास की जगहों पर जाकर साफ-सफाई किया किया गया एवं स्वच्छता ही सेवा के संबंध में विभिन्न स्थानों पर उपस्थित स्थानीय लोगों को स्वच्छता हमारे दैनिक जीवन में किस प्रकार लाभकारी है, इस संबंध में जागरुक किया गया है। साथ ही आस पास के स्कूल,कॉलेज परिसर तथा विभिन्न जगहों पर  ’’ गंदगी को दूर भगाओ, भारत को स्वच्छ बनाओ” का नारा लगाया गया। साथ ही बताया गया की इस का लाभ केवल बिमारीयों को दूर करने तक ही सीमित नहीं है बल्कि इससे जलवायु परिवर्तन में भी मदद मिलेगी।  महात्मा गांधी जी के स्वच्छ संदेश को भारत के जन-जन तक पहुँचाने और नागरिकों को स्वच्छता के प्रति जागरूकता बनाने के लिए ऐसे आयोजनों का काफी महत्व है और आस पास के गणमान्य नागरिकों के साथ मिलकर वाहिनी के द्वारा स्वच्छता अभियान के लिए लगातार प्रयत्न जारी हैं।

स्वर्ण जयंती वर्ष का झारखंड : समृद्ध धरती, बदहाल झारखंडी

  झारखंड स्थापना दिवस पर विशेष स्वप्न और सच्चाई के बीच विस्थापन, पलायन, लूट और भ्रष्टाचार की लाइलाज बीमारी  काशीनाथ केवट  15 नवम्बर 2000 -वी...